Temples to visit on Mahashivratri: जयपुर के 6 सबसे प्रसिद्ध और चमत्कारी मंदिरों के दर्शन करें इस शिवरात्री पर। अगर आप 2026 की शिवरात्रि पर दर्शन की प्लानिंग कर रहे हैं, तो यह जानकारी आपके बहुत काम आएगी।
Temples to visit on Mahashivratri: जयपुर शहर अपनी स्थापना के समय से ही धर्म और संस्कृति का केंद्र रहा है। 2026 की महाशिवरात्रि पर छोटी काशी के प्राचीन मंदिरों में विशेष झांकियां और अभिषेक किए जाएंगे। अगर आप भी कन्फ्यूज हैं कि दर्शन के लिए कहां जाएं, तो टेंशन मत लीजिए। वैशाली नगर के वीआईपी झारखंड महादेव से लेकर नाहरगढ़ की पहाड़ियों पर बसे भूतेश्वर महादेव तक, हमने आपके लिए शहर के 6 सबसे खास मंदिरों की लिस्ट तैयार की है।
वैशाली नगर स्थित झारखंड महादेव मंदिर अपनी अनोखी दक्षिण भारतीय वास्तुकला के लिए जाना जाता है। इस मंदिर की सबसे खास बात है कि यह अपने आध्यात्मिक वातावरण और ऐतिहासिक महत्व के कारण पूजा जाता है। महाशिवरात्रि पर यहां लाखों की संख्या में श्रद्धालु पूजा करने आते हैं। मंदिर के गर्भगृह में एक पूजनीय शिवलिंग स्थापित है, जो पूजा का केंद्र बिंदु है।
जयपुर के संस्थापक महाराजा सवाई जयसिंह के समय से भी प्राचीन यह मंदिर चौड़ा रास्ता में स्थित है। यहां का शिवलिंग अपने आप प्रकट हुआ था। मंदिर में स्थापित विशाल पीतल का नंदी और प्राचीन घंटे इसकी भव्यता को दर्शाते हैं। शहर के मुख्य बाजार में होने के कारण यहां शिवरात्रि पर सबसे अधिक उत्साह देखने को मिलता है।
बनी पार्क में स्थित श्री जंगलेश्वर महादेव मंदिर उन लोगों के लिए है जो प्रकृति और भक्ति का संगम चाहते हैं। यह मंदिर प्राचीन काल में एक घने जंगल के बीच स्थित था, जहां आज भी पुरानी मान्यताओं के अनुसार पूजा-अर्चना की जाती है। महाशिवरात्रि पर 15 फरवरी को चार प्रहर की विशेष पूजा-अर्चना का आयोजन किया जाएगा। महाशिवरात्रि के दिन प्रातःकाल से ही निशुल्क जल, दूध, रामझारा एवं बेल पत्र की व्यवस्था की गई है।
जयपुर के मिनी केदारनाथ के रूप में प्रसिद्ध यह मंदिर अरावली की दुर्गम पहाड़ियों पर स्थित है। यहां तक पहुंचने के लिए भक्तों को पहाड़ी रास्ते से जाना पड़ता है। प्राकृतिक गुफाओं और झरने के पास स्थित यह मंदिर आपको वास्तविक केदारनाथ धाम की अनुभूति कराता है।
बनी पार्क में स्थित यह मंदिर अपने नाम के अनुरूप कई चमत्कारों से जुड़ा है। यहां उत्तर भारत की पहली अर्धनारीश्वर प्रतिमा स्थापित है। 60 साल पुराने इस मंदिर की अपनी महिमा है। मंदिर परिसर में 12 ज्योतिर्लिंगों के प्रतिरूप मौजूद हैं, जिससे एक ही स्थान पर सभी धामों के दर्शन का पुण्य मिल जाता है।
भूतेश्वर महादेव मंदिर जयपुर के आमेर में घने और विशाल जंगलों के बीच अरावली पर्वतमालाओं के मध्य में स्थित है। किले के पास स्थित होने के कारण यहां की प्राकृतिक सुंदरता और यहां से दिखने वाला जयपुर का पैनोरमिक व्यू अद्भुत होता है। यह स्थान ट्रेकिंग और भक्ति का एक सुंदर मिश्रण है। बताया जाता है कि महादेव यहां आए हर भक्त कि मनोकामना जरूर पूरी करते हैं और जयपुर के अलावा अन्य शहरों से भी यहां भक्तों का आना लगा रहता है।