उन्नाव गैंगरेप मामले बांगरमऊ से भाजपा विधायक कुलदीप सेंगर की मुश्किलें और बढ़ गई हैं...
लखनऊ. उन्नाव गैंगरेप मामले बांगरमऊ से भाजपा विधायक कुलदीप सेंगर की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। सीबीआई ने बीजेपी विधायक को पीड़िता के पिता को फर्जी मुकदमे में जेल भेजने के मामले में भी आरोपी बनाया है। इसके अलावा मामले में माखी थाने के एसओ व दारोगा केपी सिंह पर सीबीआई का शिकंजा कस गया है। इसके अलावा सीबीआई ने उन्नाव गैंगरेप मामले में गिरफ्तार पुलिसकर्मियों की रिमांड अवधि तीन दिन और बढ़ा दी है।
इन पुलिसकर्मियों की तीन बड़ी रिमांड
सीबीआई के आईजी जीएन गोस्वामी ने बताया कि पुलिसकर्मी अशोक सिंह भदौरिया और कामता प्रताप सिंह ने सीबीआई ने पूछताछ के लिये बुलाया था। इसके बाद इन दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया। इनकी रिमांड अवधि तीन दिन और बढ़ गई है। इन पुलिसकर्मियों को आईपीसी की धारा 120बी, 193, 201, 218 और 3/25 शस्त्र अधिनियम के तहत गिरफ्तार किया गया है। सीबीआई के सूत्रों की मानें तो सीबीआई इनके जरिये उन बड़े नामों का खुलासा कर सकती है, मामले में अभी जिनके नाम सामने नहीं आये हैं।
आरोपी विधायक पर कसा शिकंजा
सीबीआई ने नाबालिग से गैंगरेप के आरोपी भाजपा विधायक कुलदीप सेंगर को पीड़िता के पिता को फर्जी मामले में जेल भेजने के मामले में आरोपी बनाया गया है। सीबीआई का कहना है कि दिल्ली में रहकर आरोपी विधायक ने माखी के पूर्व एसओ भूपेंद्र सिंह और केपी सिंह को लगातार फोन किया था। इतना ही पीड़िता के पिता के खिलाफ फर्जी मुकदमा लिखवाने वाले टिंक सिंह से भी कुलदीप सेंगर ने दर्जनों बार बात की थी।