
CM Yogi Adityanath: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्राकृतिक आपदाओं का सामना कर रहे परिवारों के लिए एक बड़ी राहत का ऐलान किया है। प्रदेश में बारिश के दौरान होने वाली घटनाओं से प्रभावित परिवारों को सरकार आर्थिक मदद देगी। सीएम योगी ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि प्रदेश में आकाशीय बिजली गिरने या पानी में डूबने जैसी प्राकृतिक आपदाओं में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को राज्य सरकार की तरफ से 4 लाख रुपये की तत्काल आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी।
बता दें कि यूपी में बाढ़ के कारण कई जिलों में हालात गंभीर हैं। लोग सुरक्षित जगहों की तलाश में इलाका छोड़कर जाने को मजबूर हैं। बाढ़ के पानी में लोगों के घर और मवेशी डूब गए हैं। भारी जलभराव के कारण सामान्य जनजीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया है और बड़ी संख्या में लोग पलायन करने को मजबूर हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने तेज बारिश के कारण होने वाले नुकसान को लेकर भी बड़ा फैसला लिया है। उन्होंने कहा है कि अगर भारी बारिश के कारण किसी पात्र परिवार का मकान पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो जाता है या ढह जाता है तो उन्हें बेघर नहीं रहने दिया जाएगा। ऐसे प्रभावित परिवारों को प्रधानमंत्री आवास योजना या मुख्यमंत्री आवास योजना के तहत सरकार की तरफ से एक नया पक्का घर मुहैया कराया जाएगा।
CM योगी ने आपदा श्रेणी के तहत आने वाले सभी प्रभावितों को बिना किसी देरी के तत्काल राहत और आर्थिक मदद पहुंचाने के लिए अधिकारियों को सख्त निर्देश दे दिए गए हैं ताकि पीड़ित परिवारों को जल्द से जल्द सरकारी योजनाओं का लाभ मिल सके।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को राजधानी लखनऊ के बाढ़ प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण किया और जमीनी हालात का जायजा लिया। गोमती नदी के जलस्तर में बढ़ोतरी से प्रभावित इलाकों को स्थायी राहत देने के लिए मुख्यमंत्री ने फैजुल्लागंज से नैमिष तक ग्रीन कॉरिडोर की तर्ज पर एक विशाल तटबंध बनवाने की घोषणा भी की। हवाई सर्वे के बाद मुख्यमंत्री सीधे बख्शी का तालाब पहुंचे, जहां उन्होंने बाढ़ पीड़ितों से मुलाकात कर राहत सामग्री का वितरण किया और प्रशासनिक टीमों को जरूरी दिशा-निर्देश दिए।
बख्शी का तालाब में आयोजित कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि इस तटबंध निर्माण की परियोजना को शासन स्तर से प्रशासनिक और वित्तीय स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। उन्होंने बताया कि इसके लिए जरूरी धनराशि जारी की जा रही है और वर्तमान मानसून सत्र समाप्त होते ही धरातल पर निर्माण कार्य तेजी से आगे बढ़ाया जाएगा ताकि भविष्य में लोगों को जलभराव का संकट न झेलना पड़े। सीएम योगी ने बाढ़ प्रभावित परिवारों से सीधे बातचीत की, उनकी समस्याएं जानीं और उन्हें सूखा राशन व अन्य जरूरी सामग्री के किट सौंपे। इसके अलावा उन्होंने राहत और बचाव कार्यों में जुटी टीमों से जमीनी स्थिति की जानकारी ली तथा स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगाए गए चिकित्सा शिविरों का निरीक्षण कर प्रभावितों को हर संभव चिकित्सीय सुविधा देने के निर्देश दिए।