लखनऊ

CM योगी आज करेंगे मिशन निरामया अभियान का शुभारंभ, नर्सिंग-पैरामेडिकल छात्रों को होगा लाभ

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज एसजीपीजीआई के कन्वेन्शन सेंटर में मिशन निरामया अभियान का शुभारंभ करेंगे। इस अभियान का मकसद नर्सिंग-पैरामेडिकल छात्र-छात्राओं को प्लेसमेंट में मदद दिलाना है।
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Updated: 8 Oct 2022, 10:48 AM IST
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CM Yogi will launch Mission Niramaya campaign today Nursing and paramedical students will benefit

उत्तर प्रदेश सरकार ने नर्सिंग और पैरामेडिकल छात्रों के लिए एक सराहनीय कदम उठाया है, जिससे छात्रों को अब रोजगार के लिए भटकना नहीं पड़ेगा। इसी कड़ी में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज एसजीपीजीआई के कन्वेन्शन सेंटर में मिशन निरामया अभियान का शुभारंभ करेंगे। इससे होगा ये कि नर्सिंग और पैरामेडिकल संस्थानों के इंफ्रास्ट्रक्चर में मजबूती आएगी। छात्रों को गुणवत्तापूर्ण प्लेसमेंट, कैरियर काउंसिलिंग, आकांक्षी कैरियर बनाने में मदद मिल सकेगी। इस बारे में बात करते हुए उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने पाठक बताया कि मरीजों को बेहतर इलाज मुहैया कराने में नर्सिंग और पैरामेडिकल स्टाफ की अहम भूमिका होती है। इसलिए सरकार की ये कोशिश मील का पत्थर साबित होगी। इस मौके पर डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक और राज्यमंत्री चिकित्सा शिक्षा, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, परिवार कल्याण मयंकेश्वर शरण सिंह मौजूद रहेंगे।

समय-समय पर होगा शिक्षकों की संख्या का सत्यापन

उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने बताया कि मिशन निरामया अभियान से नर्सिंग एवं पैरामेडिकल प्रशिक्षण को मजबूती मिलेगी। छात्रों के लिए रोजगार के अवसर बनेंगे। उन्होंने कहा कि भविष्य की जरूरतों के मद्देनजर नर्सिंग व पैरामेडिकल प्रशिक्षण में बदलाव किए जाएंगे। समय-समय पर शिक्षकों की संख्या का सत्यापन किया जाएगा। परीक्षाओं में कक्ष निरीक्षक दूसरे संस्थान से हों, परीक्षाओं की सीसीटीवी से निगरानी हो पर मंथन किया जाएगा। यदि नर्सिंग व पैरामेडिकल स्टाफ प्रदेश के मानकों के खिलाफ जाएगा तो उसे किसी भी दशा में स्वीकार नहीं किया जाएगा। जो संस्थान मानक नहीं पूरे करेंगे उन्हें मान्यता नहीं दी जाएगी।

छात्रों को नर्सिंग व पैरामेडिकल की अहमियत बताई जाएगी

बता दें कि मिशन निरामया अभियान के तहत माध्यमिक स्कूलों में पढ़ रहे छात्रों को नर्सिंग व पैरामेडिकल कोर्सेज की अहमियत बताई जाएगी ताकि इन कोर्स के प्रति छात्र-छात्राओं का रूझान बढ़ सके। अभियान पर बात करते हुए सीएम योगी ने कहा कि प्रदेश में कई संस्थान अच्छा कार्य कर रहे हैं। जिसमें से निजी क्षेत्र के संस्थानों के नाम भी शामिल हैं। इन बेस्ट प्रैक्टिसेज को अन्य संस्थानों में भी लागू किया जाना चाहिए। इसके लिए मेंटॉर-मेंटी मॉडल को अपनाया जाए। इसकी कार्ययोजना तैयार की जाएगी। उन्होंने बताया कि नर्सिंग का प्रशिक्षण ले रहे युवाओं के लिए प्रैक्टिकल नॉलेज बहुत जरूरी है। इसीलिए ये कदम उठाया जा रहा है।

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8 Oct 2022, 10:48 AM IST
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