Ambedkar Park Lucknow यूपी की राजधानी में मशहूर अम्बेडकर पार्क से हाथी की मूर्ति की चोरी हो गई है। इस चोरी की जानकारी होने पर लखनऊ में हंडकम्प मच गया। सुरक्षा व्यवस्था में तैनात नियाज अहमद ने स्थानीय थाने में एफआईआर दर्ज कराई है।
यूपी की राजधानी में मशहूर अम्बेडकर पार्क से हाथी की चोरी हो गई है। इस चोरी की जानकारी होने पर लखनऊ में हंडकम्प मच गया। सुरक्षा व्यवस्था में तैनात नियाज अहमद ने स्थानीय थाने में एफआईआर दर्ज कराई है। पुलिस सतर्क हो गई है और जांच कर रही है। दो साल पूर्व भी एक हाथी की मूर्ति की चोरी हो गई थी। इसके बाद सरकार सतर्क हो गई। और एक नया नियम बनाया। जिसके तहत प्रतिदिन अम्बेडकर पार्क में स्थापित मूर्तियों की गिनती शुरू की गई। और जिसकी जानकारी उच्चाधिकारियों को दी जाती है। इसके साथ ही उच्चस्तरीय सुरक्षा के बीच अम्बेडकर पार्क से हाथी की चोरी बड़ा सवाल खड़ा कर रही है। बसपा सुप्रीमो मायावती के कार्यकाल में अम्बेडकर पार्क का निर्माण किया गया था और उस वक्त इसमें हाथी की मूर्तियां लगाई गईं थी। राजकीय निर्माण विभाग के आंकड़े के अनुसार, आंबेडकर स्मारक में 78 हाथी करीब 36 करोड़ रुपए की लगात से लगाए गए थे।
सभी तथ्यों की जांच जारी
प्रभारी निरीक्षक गौतमपल्ली एसएस भदौरिया के अनुसार, जिस जगह से हाथी की मूर्ति चोरी हुई थी वहां पर सुरक्षाकर्मियों के अलावा कोई भी व्यक्ति नहीं जा सकता है। ऐसे में चोरी के बाद से वहां पर तैनात कर्मचारियों से लेकर सभी तथ्यों पर जांच की जा रही है। दो साल पहले भी इसी तरह की चोरी हुई थी, तो हाथियों की गिनती शुरू हो गई थी। उसके बाद स्थिति फिर वैसी ही हो गई। आरोपियों की तलाश की जा रही है। इसके लिए सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले जा रहे हैं। हाथी की मूर्ति का वजन लगभग दो से तीन किलो होगा।
हाथी की मूर्ति चोरी हुई - राघवेंद्र मिश्रा
एडीसीपी सेंट्रल जोन राघवेंद्र मिश्रा ने बताया कि, हाथी की मूर्ति चोरी हुई है। इस मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। मौके पर लगे सीसीटीवी फुटेज भी खंगाला जा रहा है। जल्द ही चोर को गिरफ्तार किया जाएगा।
हाईटेक सुरक्षा फिर भी चोरी
1090 चौराहा स्थित अंबेडकर पार्क के इस फौव्वारे में हाथियों की छोटी-बड़ी कई मूर्तियां लगी हैं। चौराहे पर हाईटेक सुरक्षा व्यवस्था है। हर तरफ सीसीटीवी कैमरों की निगरानी है। पार्क की सुरक्षा के लिए दर्जनभर सुरक्षाकर्मी लगातार मुस्तैद रहते हैं। पार्क के प्रवेश द्वार पर भी सीसीटीवी कैमरे लगे हैं। रोज दोनों समय हाथियों के मूर्ति की गिनती की जाती है। जिसका रिकॉर्ड उच्चाधिकारियों को उपलब्ध कराया जाता है। ऐसे में चोरी असंभव है, फिर भी चोरी हुई है।
बसपा सुप्रीमो मायावती ने गुरुवार को ट्विट के जरिए कहाकि, देश में उपेक्षित तिरस्कृत दलित व अन्य पिछड़े वर्ग में जन्मे महान संतों, गुरुओं और महापुरुषों के आदर सम्मान में बनाए गए भीमराव अंबेडकर सामाजिक परिवर्तन स्थल से हाथी की मूर्ति का चोरी होना शर्म व चिंता की बात है। उन्होंने कहा कि यह स्थल पर्यटन का मुख्य केंद्र है। पहले सपा में और अब भाजपा सरकार में भी बीएसपी सरकार द्वारा निर्मित भवनों स्मारकों के संरक्षण में सुरक्षा रखरखाव में की जा रही उपेक्षा चिंता की बात है। मान्यवर कांशीराम के स्मारक स्थल हो अन्यत्र हो रहे कार्य भी काफी ढीले किए जा रहे हैं । सरकार इस पर ध्यान दे।