
लखनऊ. यूपी सरकार (UP Government) ने सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) में हलफनामा दाखिल कर हाथरस (Hathras Case) के पीड़ित परिवार को त्रीस्तरीय सुरक्षा मुहैया कराने की जानकारी दी है। साथ ही आग्रह किया कि कोर्ट की निगरानी में ही मामले में सीबीआई (CBI) की जांच हो। हलफनामे में कहा है कि सरकार पीड़ित परिवार व गवाहों को सुरक्षा देने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। सुप्रीम कोर्ट में हुई पिछली सुनवाई के बाद ही प्रदेश सरकार ने पीड़ित सरकार की सुरक्षा को बढ़ाया था।
यूपी सरकार ने शीर्ष अदालत से आग्रह किया कि वह सीबीआई को हर पंद्रह दिन में रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दे ताकि उसे सर्वोच्च न्यायालय में प्रस्तुत किया जा सके। पीड़ित परिवार को प्रदान की गई सुरक्षा का विवरण देते हुए यूपी सरकार ने शीर्ष अदालत में अपने हलफनामे में, हाथरस में सुरक्षा के लिए तैनात पुलिस कर्मियों की एक सूची सौंपी भी प्रस्तुत की, जिसमें परिवार के घर के बाहर तैनात पुलिसकर्मी भी शामिल हैं। सरकार ने कहा कि निगरानी रखने के लिए उसके घर के बाहर आठ सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं और पुलिस ने सुनिश्चित किया है कि परिवार की गोपनीयता में कोई घुसपैठ न होगी।
यूपी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि इस मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने स्वत: संज्ञान लिया है। अदालत में पीड़ित परिवार की ओर से सीमा कुशवाहा पैरवी कर रही हैं। इस मामले की अगली सुनवाई दो नवंबर को होनी है।