
Kalraj Mishra Pays Tribute to Prateek Yadav : राजस्थान के पूर्व राज्यपाल एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री कलराज मिश्र ने सोमवार को राजधानी लखनऊ के विक्रमादित्य मार्ग स्थित आवास पहुंचकर स्वर्गीय प्रतीक यादव को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने स्वर्गीय प्रतीक यादव के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें नमन किया तथा शोकाकुल परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त कीं। इस अवसर पर उन्होंने परिवार के सदस्यों से मुलाकात कर दुख की इस घड़ी में धैर्य बनाए रखने का आग्रह किया और दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।
कलराज मिश्र ने अपने दौरे के दौरान राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष अपर्णा सिंह यादव एवं परिवार के अन्य सदस्यों से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि किसी प्रियजन का निधन परिवार के लिए अत्यंत पीड़ादायक क्षण होता है और ऐसी परिस्थितियों में पूरा समाज शोकाकुल परिवार के साथ खड़ा रहता है।
उन्होंने दिवंगत प्रतीक यादव के व्यक्तित्व और उनके सामाजिक व्यवहार को याद करते हुए कहा कि उनका जीवन सादगी, सौम्यता और मानवीय मूल्यों से परिपूर्ण था। उन्होंने ईश्वर से प्रार्थना की कि दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान प्रदान करें तथा परिवार को इस अपूरणीय क्षति को सहन करने की शक्ति दें।
विक्रमादित्य मार्ग स्थित आवास पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम के दौरान वातावरण अत्यंत भावुक दिखाई दिया। परिवार के सदस्य, शुभचिंतक और परिचित बड़ी संख्या में मौजूद रहे। सभी ने स्वर्गीय प्रतीक यादव के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किए। श्रद्धांजलि सभा में उपस्थित लोगों ने दिवंगत के जीवन से जुड़ी स्मृतियों को साझा करते हुए उनके सरल और मिलनसार स्वभाव को याद किया। कई लोगों ने कहा कि प्रतीक यादव हमेशा लोगों से सहजता और आत्मीयता के साथ मिलते थे, जिसके कारण वे सभी वर्गों में सम्मानित थे।
प्रतीक यादव के निधन के बाद प्रदेश के राजनीतिक और सामाजिक जगत से लगातार शोक संदेश आ रहे हैं। विभिन्न दलों के नेताओं ने इसे एक व्यक्तिगत और सामाजिक क्षति बताते हुए परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की है। राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर अनेक नेताओं ने परिवार से मुलाकात कर दुख साझा किया है। कलराज मिश्र का यह दौरा भी इसी मानवीय परंपरा का हिस्सा माना जा रहा है। उन्होंने अपने सार्वजनिक जीवन में सदैव सामाजिक सौहार्द और मानवीय मूल्यों को महत्व दिया है। यही कारण है कि उन्होंने लखनऊ पहुंचकर व्यक्तिगत रूप से परिवार से मुलाकात की और अपनी संवेदनाएं प्रकट कीं।
राजनीति में अक्सर विचारधाराओं और दलों के बीच मतभेद देखने को मिलते हैं, लेकिन शोक और संवेदना के अवसर ऐसे होते हैं जब सभी सीमाएं समाप्त हो जाती हैं। कलराज मिश्र की यह मुलाकात भी इसी भावना का प्रतीक मानी जा रही है। उन्होंने परिवार को भरोसा दिलाया कि इस दुख की घड़ी में पूरा समाज उनके साथ खड़ा है। उन्होंने कहा कि जीवन और मृत्यु प्रकृति का शाश्वत सत्य हैं, लेकिन किसी प्रिय व्यक्ति का अचानक बिछड़ जाना हमेशा गहरा दर्द छोड़ जाता है। ऐसे समय में परिवार को धैर्य, साहस और सामाजिक सहयोग की आवश्यकता होती है।
अपने दौरे के अंत में कलराज मिश्र ने एक बार फिर स्वर्गीय प्रतीक यादव के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की और उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि दिवंगत की स्मृतियां सदैव उनके परिवार, मित्रों और शुभचिंतकों के हृदय में जीवित रहेंगी। राजधानी लखनऊ में आयोजित इस श्रद्धांजलि और शोक संवेदना कार्यक्रम ने यह संदेश दिया कि मानवीय संबंध और संवेदनाएं किसी भी राजनीतिक सीमा से ऊपर होती हैं। दुख की घड़ी में साथ खड़े होकर सांत्वना देना भारतीय संस्कृति और सामाजिक परंपराओं की महत्वपूर्ण पहचान है। कलराज मिश्र की यह उपस्थिति इसी मानवीय मूल्यों और संवेदनशीलता का परिचायक रही।