लखनऊ

क्या है ई-रूपी राशन वितरण योजना? कैसे मिलेगा इससे लाभ; 5 बातें जानना बेहद जरूरी

All About E-Rupi Rashan Yojana: ई-रूपी राशन वितरण योजना क्या है? इससे कैसे लाभ मिलेगा, कौन सी 5 बातें जानना बेहद जरूरी हैं?

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Feb 19, 2026
जानिए, क्या है ई-रूपी राशन वितरण योजना?

All About E-Rupi Rashan Yojana: 15 फरवरी को गुजरात में ई-रुपी से राशन वितरण प्रणाली का शुभारंभ होने के बाद अब उत्तर प्रदेश में भी इस योजना पर काम शुरू कर दिया गया है। यूपी के बाराबंकी में केंद्रीय खाद्य रसद मंत्रालय की टीम ने प्राथमिक सर्वेक्षण के बाद मोबाइल डाटा कलेक्शन करवा लिया है। यह प्रणाली प्रदेश में लागू करने के लिए बाराबंकी मॉडल जिला के तौर पर घोषित किया जा सकता है।

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ATM की तर्ज पर काम करेगी ई-रूपी राशन वितरण योजना

प्वाइंट नंबर 1: राशन वितरण में पारदर्शिता लाने के साथ आमजन की सुविधा के लिए ई-रुपी प्रणाली ATM की तर्ज पर काम करेगी। इस योजना के तहत निर्धारित तिथि में कहीं से भी मशीन के जरिये कार्डधारक अपने राशन को प्राप्त कर सकेंगे। उत्तर प्रदेश के खाद्य रसद राज्यमंत्री सतीश शर्मा का गृह जनपद बाराबंकी होने के कारण यहां पायलट प्रोजेक्ट पर काम शुरू करवाने की संभावना है। 6.42 लाख लाभार्थियों को 1380 कोटेदार से जनपद में राशन मिलता है।

What is E- Rupi Rashan Yojana: खाद्य एवं रसद मंत्रालय की टीमों ने किया सर्वे

प्वाइंट नंबर 2: खाद्य एवं रसद मंत्रालय की 4 टीमें प्रदेश के बाराबंकी में सर्वे करने आईं। वितरण प्रक्रिया का जीरो ग्राउंड पर करीब 15 दिनों तक अध्ययन किया गया है। साथ ही कोटेदार की कार्यप्रणाली देखी गई और लाभार्थी परिवारों से बातचीत की गई। मुख्य तौर पर स्मार्टफोन और कीपैड मोबाइल के प्रयोग का औसत लिया गया।

UP News In Hindi: बैंक खाते या स्मार्टफोन की अनिवार्यता भी नहीं

प्वाइंट नंबर 3: जिला पूर्ती अधिकारी डॉक्टर राकेश तिवारी का कहना है कि सभी राशन कार्ड धारकों के मोबाइल में ई-रुपी App इंस्टॉल करवाकर सीधे केंद्र से प्रति माह ई-रुपी भेजा जाएगा। उन्होंने कहा कि यह एक 'डिजिटल वाउचर' जैसे काम करता है। इसके लिए बैंक खाते या स्मार्टफोन की अनिवार्यता भी नहीं होती। संबंधित विभाग आपके मोबाइल नंबर पर एक SMS या QR कोड भेजेगा। अगर स्मार्टफोन है, तो आपको QR कोड मिलेगा। जिसके बाद दुकानदार QR कोड को स्कैन या OTP को सत्यापित करेगा और आपको राशन दे दिया जाएगा।

Uttar Pradesh News in Hindi: क्या बोले खाद्य एवं रसद मंत्री सतीश शर्मा

प्वाइंट नंबर 4: खाद्य एवं रसद मंत्री सतीश शर्मा का कहना है कि गुजरात के बाद अभी यह प्रक्रिया बाराबंकी में प्रारंभिक स्तर पर है। उन्होंने कहा कि केंद्र ओर प्रदेश सरकार की मंशा हर लाभार्थी तक सुगम राशन पहुंचाने की है।

प्वाइंट 5: बता दें कि पिछले दिनों गोरखपुर में राशन ATM यानी अन्नपूर्ति ATM के बंद होने के पीछे कुछ व्यावहारिक और तकनीकी समस्याएं सामने आईं थीं। यह एक पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शुरू किया गया था, जिसका उद्देश्य राशन वितरण में घटतौली की समस्या को खत्म करना था। हालांकि, इसके साथ एक बड़ी दिक्कत सामने आई-बिजली का भारी भरकम बिल, जिसे कोटेदारों को खुद वहन करना पड़ा। कोटेदारों ने विभाग से बिजली बिल का भुगतान करने की मांग की, लेकिन सरकारी नियमों में इस तरह के खर्च की भरपाई का कोई स्पष्ट प्रावधान नहीं था। इसके चलते यह योजना व्यवहारिक चुनौतियों में उलझकर रह गई।

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