लखनऊ

शराब के शौैकीनों के लिए बुरी खबर, कांच की बोतलों में नहीं मिलेगी मदिरा, एसी बसों में नहीं मिलेगा पानी

कांच की बोतल तोड़ने, मिलावटखोरी रोकने व पर्यावरण को सुरक्षित रखने के मद्देनजर सरकार कांच की बोतलों में बिकने वाली शराब को बैन करने वाली है।

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Mar 05, 2020
Liquor

लखनऊ. "शीशे से शीशा टकराए जो भी हो अंजाम", फिल्म 'देवदास' के एक गीत के यह बोल भले ही शराब की शीशी टूटने के अंजाम की फिक्र न करने की बात कर रह हों, लेकिन यूपी सरकार इसको लेकर फिक्रमंद है। कांच की बोतल तोड़ने, मिलावटखोरी रोकने व पर्यावरण को सुरक्षित रखने के मद्देनजर सरकार कांच की बोतलों में बिकने वाली शराब को बैन करने वाली है। ऐसा कर उत्तर प्रदेश देश का पहला प्रदेश बन जाएगा। एक अप्रैल से यह नियम लागू होगा। वहीं एसी बसों में मुफ्त में मिलने वाली प्लास्टिक वॉटर बॉटल पर भी बैन लगेगा। एक महत्वपूर्ण कदम के तहत प्लास्टिक की पानी की बोतलों के प्रयोग में कमी लाने के लिए यह निर्णय लिया है।

केन में मिलेगी शराब-

उत्तर प्रदेश में अब शराब सिर्फ केन में उपलब्ध होगी। इसकी पैकजिंग एलूमिनियम केन में होगी। यूपी की नई एक्साइज पॉलिसी के तहत भारत निर्मित विदेशी एल्कोहल एलूमिनियम केन में बेची जाएगी। इस पर जानकारी देते हुए उत्तर प्रदेश एक्साइज डिपार्टमेंट के प्रिसिपल सेक्रेट्री संजय बोसरेड्डी ने बताया कि एलूमिनियम केन की पैकेजिंग से पर्यावरण पर अच्छा असर पड़ेगा। अकसर देखा गया है कि शराब के सेवल कर उपभोक्ता उसे सड़क व अन्य सार्वजनिक स्थानों पर ही फेंक देते हुए जिससे अन्य लोग चोटिल भी हो जाते हैं। यही नहीं शराब निर्माता कंपनियों को कांच की बोतल टूटने से होने वाले नुकसान को भी नहीं झेलना पड़ेग। शराब की मिलावट खोरी को इससे हटाया जा सकेगा। कंपनियों के लिए पैकेजिंग की लागत में भी कमी आ पाएगी। एलुमिनियम केन के दाम भी कांच की बोतल के मुकाबले कम हैं। अंग्रेजी शराब के अतिरिक्त देशी शराब के बारे में भी नई आबकारी नीति काम कर रही है। जल्द ही देशी शराब को टेट्रा पैक में बेचा जाएगा।

फ्री में मिलने वाली बोतल बंद पानी पर लगेगा बैन-

वहीं दूसरी तरह यूपी राज्य सड़क परिवहन निगम की अब सभी एसी जनरथ, स्लीपर, वॉल्वो और स्कैनिया बसों में यात्री करने वालों लोगों को बोतल बंद पानी नहीं मिलेगा सकेगा। होली के बाद 16 मार्च को यह व्यवस्था लागू होगी है। इसके अंतर्गत अब यात्रियों को सफर से पूर्व या फिर घर से पानी की बोतल लानी पड़ेगी यह फिर बसड्डों पर लगे वॉटर एटीएम के पानी खरीदना पड़ेगा। प्लास्टिक की बोतलों पर बैन करने के लिए यूपी राज्य सड़क परिवहन निगम ने यह निर्णय लिया है। योगी सरकार बीते दो वर्षों से प्लास्टिक बैन की मुहिम पर काम कर रही है। कैबिनेट बैठकों में पहले ही इसके प्लास्टिक बोतल लाने पर रोक लगा दी गई थी। वहीं अब परिवहन निगम का यह फैसला इस ओर बड़ा कदम है। प्रबंध निदेशक डॉ. राजशेखर ने बुधवार को बताया कि निगम में प्लास्टिक को पूरी तरह से प्रतिबंधित करने के इरादे से बोतल बंद पानी की सुविधा को खत्म करने का फैसला लिया है।

Updated on:
05 Mar 2020 05:54 pm
Published on:
05 Mar 2020 05:48 pm
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