UP Board Exam 2018 : देश का सबसे बड़ा बोर्ड माने जाने वाले यूपी बोर्ड की परीक्षाएं मंगलवार से शुरू हो गईं। इस बार 200 कैदियों ने भी दिया एग्जाम...
लखनऊ. देश का सबसे बड़ा बोर्ड माने जाने वाले UP Board की परीक्षाएं मंगलवार से शुरू हो गईं। इस साल यूपी बोर्ड की परीक्षा में कुल 66,37,018 छात्र शामिल हो रहे हैं। बोर्ड परीक्षा के लिए 8549 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। पहली पाली की परीक्षा सुबह 7:30 बजे से 10:45 तक चली। इसमें हाईस्कूल की गृह विज्ञान की परीक्षा हुई। इंटरमीडिएट में हिंदी प्रथम प्रश्नपत्र का एग्जाम हुआ। वहीं, दूसरी पाली की परीक्षा दोपहर दो बजे से शाम 5:15 तक होगी। इस परीक्षा में 200 कैदी ने भी एग्जाम दे रहे हैं।
सीसीटीवी से की जा रही निगरानी
परीक्षा को नकलवहीन बनाने के लिए योगी सरकार सख्त है। परीक्षा केंद्रों की निगरानी CCTV Camera से हो रही है। सुबह के सत्र में हाईस्कूल की परीक्षा है, जबकि दोपहर बाद इंटर की परीक्षा आयोजित की जाएगी। प्रदेश के डिप्टी सीएम तथा माध्यमिक व उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. दिनेश शर्मा भी परीक्षा को लेकर बेहद गंभीर है। आज पहले दिन पहली पारी की परीक्षा का उन्होंने औचक निरीक्षण किया। सूचना थी कि डॉ. दिनेश शर्मा गोंडा या फिर बलरामपुर जाएंगे। उन्होंने इसके विपरीत जौनपुर के परीक्षा केंद्रों का औचक निरीक्षण किया।
सीएम योगी भी करेंगे निरीक्षण
इस बार योगी आदित्यनाथ भी परीक्षा केंद्रो का जायजा लेंगे । इसके लिए यूपी के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath खुद बोर्ड की परीक्षाओं का जायदा लेने परीक्षा केंद्र जाएंगे। वहीं नकल के बढ़ते स्तर को देखते हुए उप मुख्यमंत्री दिनेश शर्मा भी परीक्षा केंद्रों पर छापा मार सकते हैं। पहली शिफ्ट में परीक्षा देकर निकले छात्र-छात्राओं ने बताया कि सेंटर में प्रवेश करते ही हिदायत दे गई कि नकल करने की कोशिश न करें, सीसीटीवी की नजर आप सब पर है। प्रश्नपत्र के बारे में हाईस्कूल और इंटर के परीक्षार्थियों ने बताया कि पेपर सामान्य था। कई छात्रों ने इसे काफी आसान पेपर भी बताया।
नकल पकड़ी गई तो होगी कड़ी कार्रवाई
नकल रोकलने के लिए योगी सरकार काफी सख्त दिख रही है। सरकार ने कहा है कि जिस भी केंद्र पर सामूहिक नकल करते पाया जाएगा, वहां के प्रधानाचार्य और स्कूल प्रबंधक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उन्हें जेल भेजा जाएगा। प्रदेश में 1521 संवेदनशील और 566 अतिसंवेदनशील परीक्षा केंद्र चिन्हित किए गए हैं। इस बार प्रदेश के 50 संवेदनशील जिलों में कोडेड कॉपी पर परीक्षा कराई जाएगी। वहीं सभी परीक्षा केंद्रों को सीसीटीवी के दायरे में लाया गया है. सभी संवेदनशील और अति संवेदनशील परीक्षा केंद्रों पर प्रशासन की पैनी नजर होगी।