ऐप के ज़रिये उन्हें घूमने के स्थान और मेट्रो स्टेशन की उससे दूरी का पता चल सकेगा।
लखनऊ.राज्य सरकार प्रदेश में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए ठोस कदम उठा रही है। इस पहल को लखनऊ मेट्रो की एप का भी साथ मिलेगा। देर से ही सही लखनऊ मेट्रो की ऑफिशल ऐप मार्च में लांच की जानी है। ये ऐप देश की अन्य मेट्रो की ऐप से ख़ास होगी। देश विदेश से आने वाले पर्यटकों में शहर में इधर उधर नहीं भटकना पड़ेगा और न ही किसी से पूछताछ करनी पड़ेगी। सिर्फ एक ऐप के ज़रिये उन्हें घूमने के स्थान और मेट्रो स्टेशन की उससे दूरी का पता चल सकेगा।
लखनऊ मेट्रो ने अपनी सेवाएं सितम्बर से शुरू की थीं। लगभग पांच महीने बीतने के बाद भी लखनऊ मेट्रो रेल कारपोरेशन की ओर से ऑफिशल ऐप नहीं लांच किया गया। इस बीच 16 से भी अधिक लखनऊ मेट्रो की क्लोन ऐप्स ने अपनी जगह बना ली है। इन्हे 30 हज़ार से अधिक लोग डाउनलोड भी कर चुके हैं। ऐसे में सवाल उठना लाज़मी है कि लोग आखिर मेट्रो के ऑफिशल ऐप के लांच का इंतज़ार क्यों करेंगे ?
दिल्ली मेट्रो की ऐप से होगा ख़ास
लखनऊ मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन के अधिकारियों का दावा है कि लखनऊ मेट्रो का ऐप इन सभी ऐप से अलग होगा। इससे सभी सही अपडेट्स जनता को मिल सकेगी। जो कुछ सुविधाएं लखनऊ मेट्रो की वेबसाइट पर मिल रही हैं वह सब इस एप पर मौजूद होगी। मेट्र्रो में सफर करने वाले एलएमआरसी की एप में फेयर कैलकुलेशन यानी किसी भी स्टेशन के बीच कितना किराया होगा उसका कैलकुलेशन कर सकते हैं। जबकि दिल्ली मेट्रो की एप में भी ये सुविधा अंकित नहीं है।
फेसबुक और जीमेल के ज़रिये होगा रेजिस्ट्रेशन
रेजिस्टरड उजर स्मार्ट कार्ड रिचार्ज भी कर सकेंगे। इस एप पर आप फेसबुक और जीमेल के ज़रिये रजिस्टर हो सकेंगे। आने वाले समय में लखनऊ मेट्रो एप उजर्स को स्पेशल वाउचर देने का भी प्लान बना रहा है।
करेगी गाइड का काम
मेट्रो प्रोजेक्ट की रेड और ब्लू लाइन से ट्रेन कई महत्वपूर्ण स्थलों से गुजरेगी। रेड लाइन में 61 धार्मिक स्थल और 36 स्थान पड़ेंगे जब की ब्लू लाइन में 28000 मिक्स दाल और 17 शैक्षिक स्थान पड़ेंगे इंसानों के अलावा लखनऊ मेट्रो आसपास मेट्रो स्टेशन के आसपास पर्यटन के लिहाज से जगहों को भी अंकित करेगा मेट्रो स्टेशन से उनकी दूरी भी इस ऐप पर दर्शाई जाएगी।
योजना है कि फीडर बस सेवा के चलते दिन पर्यटन स्थलों को मेट्रो स्टेशन से लिंक किया जाएगा फिलहाल रिक्शे को लेकर इसकी बात चल रही है
नार्थ साउथ कोरिडोर में आने वाले महत्वपूर्ण स्थल
कर्मचारी अस्पताल, लखनऊ पॉलीटेक्रिक कॉलेज, अवध अस्पताल, राजकीय प्राथमिक विद्यालय, अजंता अस्पताल, सिटी हास्पिटल एंड ट्रामा सेंटर, गांधी इंटर कॉलेज, दीनदयाल मेमोरियल पार्क, केकेसी कॉलेज, नेशनल प्रोग्रोसिव स्कूल, सिटी मांटेसरी स्कूल, विद्यानसभा, सरोजनी नायडू पार्क, केडी सिंह बाबू स्टेडियम, श्यामा प्रसाद मुखर्जी पार्क, लखनऊ विश्वविद्यालय , कॉल्विन तालुकेदार्स कॉलेज, आईटी कॉलेज, फातिमा अस्पताल, करामत गल्र्स मुस्लिम कॉलेज, सिटी मांटेसरी इंटर कॉलेज, महानगर गल्र्स कॉलेज, बीएम पार्क, रेड हिल स्कूल, राजकीय पॉलीटेक्रिक, ज्ञान मंदिर कन्या इंटर कॉलेज व एसबी इंटर कॉलेज। पांच किमी तक 12 मंदिर और दो मस्जिद, पांचवें किमी के आगे बौद्घ बिहार शांति उपवन, संत्संग भवन, गुरुद्घारा, फिर अंतिम 20 किमी तक 29 मंदिर व 7 मस्जिद के पास मेट्रो गुजरेगी।
ईस्ट वेस्ट कोरिडोर में महत्वपूर्ण स्थल
गुरूनानक गल्र्स कॉलेज, कमलादेवी हास्पिटल, विद्यांत हिन्दू कॉलेज, अमर कान्वेंट स्कूल, साहूजी महाराज मेडिकल विवि, क्वीन मेरी हास्पिटल, कालीचरण इंटर कॉलेज, सीएम स्कूल, एमजी मांटेसरी स्कूल, कामा या कॉलेज, सरस्वती शिशु विद्या मंदिर, बृजराज हास्पिटल, मदर एंड चाइल्ड केयर सेंटर, सेंट जोसेफ इंटर कॉलेज, न्यू आईडियल मांडेसरी स्कूल, ग्लोरियस पब्लिक स्कूल, राम्सा हास्पिटल हैं। इसके अलावा मंदिर और मस्जिद भी स्थित हैं।
लखनऊ मेट्रो रेल कारपोरेशन के डायरेक्टर महेंद्र सिंह ने कहा कि लखनऊ मेट्रो का ऑफिशल ऐप मार्च में लांच करने की तैयारी है। वह देश की अन्य मेट्रो से ख़ास होगी। ख़ास तौर से पर्यटन को देखते हुए इसे निर्मित किया गया है।