Prateek Yadav Death News : समाजवादी पार्टी के संस्थापक मुलायम सिंह यादव के छोटे बेटे प्रतीक यादव का 38 वर्ष की आयु में निधन हो गया। जानिए उनकी मौत की वजह और सैफई में दिया गया उनका वो ऐतिहासिक बयान जब उन्होंने कहा था, 'हम सब एक हैं... मुझसे राजनीति की बात मत करिए।
लखनऊ : समाजवादी पार्टी के संस्थापक मुलायम सिंह यादव के सबसे छोटे पुत्र प्रतीक यादव का 13 मई 2026 को मात्र 38 वर्ष की आयु में अचानक निधन हो गया। उनकी मौत की खबर ने पूरे राजनीतिक और सामाजिक जगत को स्तब्ध कर दिया। प्रतीक यादव राजनीति से हमेशा दूरी बनाए रखने वाले, परिवार की एकता पर विश्वास करने वाले और बिजनेस व फिटनेस के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बनाने वाले व्यक्ति के रूप में याद किए जाएंगे।
उनके निधन से यादव परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। अखिलेश यादव के भाई प्रतीक यादव की पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के अनुसार उनकी मौत कार्डियोरेस्पिरेटरी कोलैप्स के कारण हुई, जो बड़े पैमाने पर पल्मोनरी थ्रोम्बोएम्बोलिज्म (फेफड़ों में खून के थक्के) से जुड़ी थी। लखनऊ के सिविल अस्पताल में उन्हें मृत अवस्था में लाया गया था।
प्रतीक यादव ने राजनीति में सक्रिय भूमिका न निभाते हुए भी परिवार की एकता का जो संदेश दिया, वह आज भी प्रासंगिक है। सैफई में वोट डालने के दौरान, जब परिवार की अंदरूनी कलह और राजनीतिक मतभेदों पर सवाल उठे, तब प्रतीक यादव ने कहा था…'हम सब एक हैं… मुझसे राजनीति की बात मत करिए।'
यह बयान उस समय आया जब उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों के दौरान (लगभग 2017 के आसपास) सैफई में परिवार के सदस्य एक साथ मौजूद थे। प्रतीक ने स्पष्ट किया कि वे राजनीतिक बहसों से दूर रहना चाहते हैं। उनका फोकस परिवार, रिश्तों और व्यक्तिगत जीवन पर था। उन्होंने बड़े भाई अखिलेश यादव को राजनीति सौंपते हुए कहा था कि वे बिजनेस और अन्य क्षेत्रों में अपनी राह खुद बनाएंगे।
प्रतीक यादव राजनीतिक मतभेदों को परिवार के बंधनों से ऊपर नहीं मानते थे। उनके करीबी बताते हैं कि प्रतीक हमेशा 'हम सब एक हैं' वाले भाव को बनाए रखना चाहते थे। मुलायम सिंह यादव के परिवार में एकता का यह संदेश उनके निधन के बाद और भी महत्वपूर्ण हो गया है।
प्रतीक यादव ने राजनीति से परे रहकर रियल एस्टेट, फिटनेस और लग्जरी लाइफस्टाइल के क्षेत्र में अपनी पहचान बनाई। वे फिटनेस के शौकीन थे और सोशल मीडिया पर भी सक्रिय रहते थे। उनकी पत्नी अपर्णा यादव (भाजपा नेता) और बेटियों के साथ उनका पारिवारिक जीवन सबके सामने एक उदाहरण था।
उनके निधन पर अखिलेश यादव, शिवपाल सिंह यादव, रामगोपाल यादव समेत पूरे यादव परिवार ने गहरा शोक व्यक्त किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहित कई प्रमुख नेताओं ने श्रद्धांजलि अर्पित की। अंतिम संस्कार में परिवार के सदस्य फूट-फूटकर रो पड़े। उनकी अस्थियां गंगा में विसर्जित की गईं।