परिवार की एकता कायम रहे इसके लिए किसी भी तरह का समर्पण को तैयार हूं, नम आखों से बोले प्रगतिशील समाजवादी पार्टी (लोहिया) के मुखिया शिवपाल यादव
लखनऊ. 22 नवम्बर को शिवपाल यादव ने इटावा के सैफई गांव में धूमधाम से मुलायम सिंह यादव का जन्मदिन मनाया। जन्मदिन से दो दिन पहले उन्होंने परिवार में एका के दावे करते हुए कहा था कि नेता जी के जन्मदिन पर पूरा परिवार एक साथ बैठेगा। लेकिन, हुआ इसके उलट। शुक्रवार को सैफई के चांदगीराम स्पोर्ट्स स्टेडियम मुलायम-अखिलेश तो दूर परिवार का कोई सदस्य नहीं पहुंचा। इससे प्रगतिशील समाजवादी पार्टी के मुखिया शिवपाल बेहद आहत दिखे। नम आंखों से उन्होंने कहा कि परिवार की एकता कायम रहे इसके लिए वह अपनी तरफ से किसी भी तरह का समर्पण करने के लिए तैयार है। नेता जी और अन्य लोग कहें तो वह सक्रिय राजनीति छोड़ने को तैयार हैं, सिर्फ कार्यकर्ता बनकर ही काम करेंगे।
शिवपाल यादव ने कहा कि परिवार की एकता लिए वह कुछ भी करने को तैयार हैं। कहा कि मैंने हमेशा ही नेताजी की बात को माना है। लेकिन, जिन लोगों ने नेता जी की बात गिराई, वह आज भी उन्हीं की बात मान रहे हैं। बताया कि समाजवादी विचारधारा से जुड़े कई लोगों ने हमसे कहा था कि अगर भतीजा बात नहीं मान रहा है तो आप ही झुक जाओ। मैंने सबकी बात मानी और नेता जी के जन्मदिन पर परिवार में एकता की अपील की।
परिवर्तन के लिए त्याग-संघर्ष करना ही पड़ेगा
शिवपाल यादव ने कहा कि अगर देश में परिवर्तन लाना है तो त्याग और संघर्ष करना ही होगा। यही सब करके नेता जी ने समाजवादी पार्टी को इस मुकाम पर पहुंचाया। कहा कि नेता जी तो अब तक प्रधानमंत्री भी बन जाते, लेकिन उनकी भूल समझा या फिर गलती, वह पीएम नहीं बन सके। शिवपाल यादव ने कहा कि एक कहावत है अगर आप बिजनेस कर रहे हों और मुनीम को मालिक बना देगे तो भट्टा बैठेगा ही।