2017 के विधासभा चुनाव में यूपी में संवदेनशील सीटों की संख्या 38 थी वहींं इस बार के चुनाव में “संवेदनशील” सीटों में 35 सीट की बढ़ोतरी हुई है यानि करीब दोगुनी वृद्धि हुई है। हालांकि यूपी पुलिस ने 95 विधानसभा क्षेत्रों को "संवेदनशील" के रूप में चिन्हित किया था। लेकिन बाद इस सूची को संशोधित कर 73 सीटों को संवदेनशील घोषित किया गया।
UP Election 2022: इस बार के यूपी विधानसभा चुनाव में 73 संवेदनशील सीटे हैं। 2017 के विधासभा चुनाव में ये संख्या 38 थी यानि इस बार के चुनाव में “संवेदनशील” सीटों में 35 सीट की बढ़ोतरी हुई है यानि करीब दोगुनी वृद्धि हुई है। चुनाव तारीखों की घोषणा के एक दिन बाद, यूपी पुलिस ने कहा था कि उन्होंने राज्य में 95 विधानसभा क्षेत्रों को "संवेदनशील" के रूप में चिन्हित किया गया है। हालांकि बाद में इस लिस्ट को संशोधित कर 73 कर दिया गया। सबसे खास बात यह कि इस बार "संवेदनशील" घोषित सीटों में कन्नौज विधानसभा क्षेत्र भी है, जो हाल ही में इत्र व्यापारियों के यहां पड़े इनकम टैक्स के छापों की वजह से चर्चा में आया था। आपको बता दें कि इन छापों में अरबों रुपये नगद और करोड़ों रुपये सोने-चांदी के जेवरात बरामद किये गये थे।
वहीं जेल में बंद बाहुबली विधायक मुख्तार अंसारी और विजय मिश्रा के इलाकों मऊ सदर और ज्ञानपुर विधानसभा क्षेत्रों को भी "संवेदनशील" घोषित किया गया है। इसी के साथ ही जेल में बंद पूर्व विधायक अतीक अहमद के गढ़ माने जाने वाले इलाहाबाद (पश्चिम) को भी पुलिस ने संवेदनशील घोषित कर दिया है।
2017 की 32 “संवदेनशील” सीटें इस बार भी सूची में
2017 के विधानसभा चुनाव की "संवेदनशील" सीटों की सूची में शामिल 32 विधानसभा क्षेत्र इस बार भी इस सूची में हैं। जबकि जौनपुर जिले में मरियाहू और शाहगंज, गाजियाबाद में लोनी, प्रयागराज में इलाहाबाद उत्तर, संभल में गुन्नौर और औरैया में दिबियापुर की सीटें इस बार इस सूची में शामिल नहीं हैं।
“संवेदनशील” सीट घोषित करने के मानदंड
“संवेदनशील’ सीटों का चयन करने के लिए अलग-अलग मानदंड हैं। इनमें जाति की स्थिति, पिछली कानून-व्यवस्था का इतिहास और चुनाव लड़ने वाले लोग शामिल हैं।
प्रयागराज में सबसे अधिक संवेदनशील सीटें
वर्तमान सूची में, प्रयागराज जिले में सबसे अधिक "संवेदनशील" सीटें हैं - इसके 12 निर्वाचन क्षेत्रों में से आठ - इसके बाद बलिया में पांच हैं। बागपत, सहारनपुर, सिद्धार्थ नगर, बहराइच, जौनपुर, अंबेडकर नगर और आजमगढ़ जिलों के तीन-तीन निर्वाचन क्षेत्रों को भी “संवेदनशील” घोषित किया गया है।