
UP Assembly Election 2027:उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर INDIA गठबंधन में सीट शेयरिंग की बातचीत के बीच कांग्रेस ने अपने रुख को साफ किया है। AICC उत्तर प्रदेश प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम ने कहा कि गठबंधन में सभी दलों को बराबर हिस्सेदारी और सम्मान मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस जरूरत पड़ने पर थोड़ा झुकने के लिए भी तैयार है, क्योंकि समझौते के लिए दोनों पक्षों में लचीलापन जरूरी है। गौतम ने कहा कि वरिष्ठ नेता बैठकर बातचीत करेंगे और जो फैसला होगा, उसे सभी मानेंगे।
राजेंद्र पाल गौतम ने कि सीट शेयरिंग की बातचीत अक्टूबर में पूरी होनी चहिए ताकि उम्मीदवारों को तैयारी के लिए पर्याप्त समय मिल सके। साथ ही कांग्रेस उत्तर प्रदेश की सभी 403 सीटों पर तैयारी कर रही है, जिससे गठबंधन के सहयोगी दलों को भी मजबूत किया जा सके।
सपा प्रवक्ता अब्बास हैदर ने सीट बंटवारे को लेकर कहा कि सिर्फ सीटों की संख्या तय करना ही जरूरी नहीं है, बल्कि यह भी देखना चाहिए कि किस सीट पर किस पार्टी के उम्मीदवार की जीत की संभावना ज्यादा है। उन्होंने कहा कि जिस दल की किसी सीट पर जनता के बीच बेहतर पकड़ और जीत की संभावना होगी, उसे वहां से उम्मीदवार उतारने का मौका मिलना चाहिए। अब्बास हैदर ने कहा कि कौन सी सीट किस पार्टी को मिलेगी, इसका अंतिम फैसला दोनों दलों का शीर्ष नेतृत्व करेगा। उन्होंने कहा कि नेताओं के अलग-अलग बयानों पर ध्यान देने के बजाय नेतृत्व के फैसले का इंतजार करना चाहिए।
वहीं, कांग्रेस प्रवक्ता सुरेंद्र राजपूत ने सीट बंटवारे को लेकर कहा कि कौन सी पार्टी कितनी सीटों पर चुनाव लड़ेगी, इसका फैसला कांग्रेस का शीर्ष नेतृत्व करेगा। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी, अखिलेश यादव और मल्लिकार्जुन खरगे मिलकर इस पर निर्णय लेंगे। राजपूत ने कहा कि गठबंधन की सभी पार्टियां मिलकर उत्तर प्रदेश की 403 विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ेंगी। उन्होंने साफ किया कि उम्मीदवार भले ही किसी भी पार्टी के चुनाव चिन्ह पर मैदान में उतरे, लेकिन गठबंधन में शामिल दूसरी पार्टियां भी उसकी जीत के लिए काम करेंगी। सभी का मकसद मिलकर गठबंधन की जीत सुनिश्चित करना होगा।