मथुरा

श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर मथुरा में दान के चढ़ावे में घोटाले का आरोप, फलाहारी महाराज ने कहा- CCTV बंद करके होता है बंदरबांट

Shri Krishna Janmabhoomi : मथुरा के श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर में दान के चढ़ावे में बड़े घोटाले का आरोप लगा है। दिनेश फलाहारी महाराज ने सीएम योगी को खून से पत्र लिखकर सीसीटीवी बंद कर दान चोरी करने का दावा किया और सीबीआई जांच की मांग की है।

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Jun 17, 2026
Shri Krishna Temple Mathura
Shri Krishna Temple Mathura : श्री कृष्ण जन्मभूमि में भी दान की राशि के गोटाले का आरोप, PC- ANI

मथुरा : अयोध्या के श्रीराम मंदिर की तरह श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर मथुरा में भी दान की धनराशि का गबन किया जा रहा है। मथुरा के दिनेश फलाहारी महाराज ने CM योगी को अपने खून से चिट्ठी लिखकर CBI जांच की मांग की है। दिनेश फलाहारी महाराज ने एक वीडियो भी जारी किया है, पहले जानिए उन्होंने वीडियो में क्या कहा…।

मैंने अपने खून से प्रदेश के मुखिया योगी आदित्यनाथ को लेटर लिखा है, मैंने पत्र में लिखा है कि जिस प्रकार अयोध्या में श्रीराम मंदिर में दान की राशि का गबन हो रहा है। ठीक उसी प्रकार हमारे कृष्ण कन्हैया की जन्मभूमि मथुरा में भी दान की राशि का घोटाला हो रहा है। यह चंदे की चोरी कोई नई नहीं है। यहां कई वर्षों से चंदे की चोरी की जा रही है। यहां जब दानपात्रों को खोला जाता है तो CCTV बंद कर दिए जाते हैं। रुपए, आभूषण, हीरे और जेवरात सब का बंदरबांट कर लिया जाता है, जो मंदिर प्रबंधन वाले पहले स्कूटर और गाड़ियों से आते थे। वह आज करोड़ों की गाड़ियों से चलते हैं। उन्होंने यूपी से लेकर उत्तराखंड तक जमीनें खरीद रखी हैं। इनके कोठी, बंग्ला और फार्म हाउस हैं।

दिनेश फलाहारी ने आगे कहा कि, मेरी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मांग है कि वह इस प्रकरण में CBI जांच करवाएं। अगर मुख्यमंत्री CBI जांच नहीं करवाएंगे। तो हम इलाहाबाद हाईकोर्ट जाएंगे, वहां अर्जी लगाएंगे कि जिस तरह से हमारे हिंदू भाई-बहनों को कई वर्षों से लूटा, उसकी जांच हो। दिनेश फलाहारी का कहना है कि मुख्यमंत्री इस पूरे प्रबंधन को अपने हाथ में ले लें।

दिनेश फलाहारी का आगे कहना है कि सीएम यहां के पुजारियों के बयान दर्ज करवा लें। उन पुजारियों को सबकुछ मालूम है कि किस तरह से मंदिर प्रबंधन कमेटी के लोग घोटाला कर रहे हैं। इन मंदिर कमेटी के लोगों ने अपने नाते-रिश्तेदारों के नाम पर प्रापर्टी खरीदी। जो कभी साइकिल से चलते थे आज करोड़ों की कार से आते हैं।

हालांकि मंदिर प्रबंधन की ओर से इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि या खंडन नहीं किया गया है, लेकिन खून से लिखे गए पत्र के सामने आने के बाद मामला चर्चा का विषय बन गया है। गंभीर आरोपों ने धार्मिक और सामाजिक जगत में नई बहस को जन्म दिया है, जबकि राज्य सरकार और संबंधित अधिकारियों की आगामी कार्रवाई पर सबकी निगाहें लगी हुई हैं।

Updated on:
17 Jun 2026 12:09 pm
Published on:
17 Jun 2026 10:50 am