Highlights - मेरठ में फिर सामने आया धर्मांतरण का मामला - मौके पर हिंदू संगठन के लोगों ने किया हंगामा - युवती ने लगाया जबरन धर्मांतरण का आरोप - मोहल्लेवासियों की सीओ से तीखी नोकझोंक
पत्रिका न्यूज नेटवर्क
मेरठ. जिले में एक बार फिर धर्मान्तरण कराने का नया मामला सामने आया है। आरोप है कि युवती का जबरन धर्मांतरण कराया जा रहा था। मौके पर पहुंचे हिंदू जागरण मंच के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने हंगामा किया। इस दौरान हिंदू जागरण मंच के पदाधिकारियों, स्थानीय लोगों की सीओ सिविल लाइन देवेश कुमार से तीखी झड़प भी हुई। स्थानीय लोगों का आरोप था कि पुलिस युवक का बचाव कर रही है और युवती पर बयान बदलने के लिए दबाव डाल रही है। इसके बाद पुलिस युवक और युवती को थाने ले गई।
दरअसल, थाना सिविल लाइन अंतर्गत सूरजकुंड रोड स्थित लक्ष्मीनगर में बबिता नामक महिला अपनी बेटी के साथ रहती है। मोहल्लेवासियों के मुताबिक, रविवार शाम एक युवक बाइक से एक युवती के साथ उसके घर पहुंचा था। कुछ देर बाद बबिता घर के बाहर से ताला लगाकर चली गई। मोहल्लेवासियों को शक हुआ तो उन्होंने हिंदू जागरण मंच के पदाधिकारी सचिन सिरोही को फोन कर इस पूरे प्रकरण की जानकारी दी। मौके पर पहुंचे हिन्दू जागरण मंच के सचिन सिरोही ने थाना सिविल लाइन को सूचित किया। मौके पर सीओ सिविल लाइन देवेश कुमार भी पहुंच गए। महिला बबिता को बुलाकर कमरा खुलवाया गया तो भीतर एक युवक और युवती के अलावा बबिता की बेटी भी निकली।
पुलिस ने युवती से पूछताछ की तो उसने बताया कि उसका जबरन धर्मान्तरण कराया जा रहा है, लेकिन उसने कागज पर साइन नहीं किए। वहीं, पकड़े गए युवक ने अपना नाम शाहरूख निवासी सेक्टर-13 मेरठ बताया। उसने कहा कि वह युवती से एक साल पहले शादी कर चुका है। वह उसे लेकर गाजियाबाद भी रहा है। धर्मान्तरण वाली बात गलत है। सीओ युवती को वहीं पर छोड़कर आरोपी युवक को लेकर चल दिए तो मोहल्लेवासियों और हिन्दू जागरण मंच ने इसका विरोध किया और कहा कि युवती को भी पुलिस अपने साथ लेकर जाए और उसके बयान दर्ज करे। इसके बाद मोहल्लेवासियों और हिंदू जागरण मंच के पदाधिकारियों की सीओ से तीखी नोक-झोंक भी हुई। जिसके बाद मौके पर महिला पुलिस बुलाई गई और युवती को भी थाने पहुंचाया गया। मामले को लेकर स्थानीय लोगों में रोष है।