UP Board Exam 2018 : शिक्षा विभाग की सख्ती के चलते नकलचियों के हौंसले पहले दिन से पस्त
मेरठ। इस बार UP Board की परीक्षा शुरू हाेते ही नकलचियों पर हावी हो गर्इ है। परीक्षा शुरू होने के बाद परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई। बोर्ड परीक्षा में कड़ाई के चलते नकलचियों के हौंसले पहले दिन से ही पस्त होते दिख रहे हैं। इसके कारण पूरे मेरठ मंडल से करीब आठ हजार परीक्षार्थियों ने परीक्षा छोड़ दी है। पहले
दिन गृहविज्ञान की परीक्षा थी, इसमें मेरठ में ही 2000 के लगभग हाईस्कूल के परीक्षार्थी और 3000 इंटर के परीक्षार्थियों ने दोनों पालियों में परीक्षा छोड़ी। मेरठ परिक्षेत्र में हाईस्कूल के 700486 और इंटर में 620965 परीक्षार्थी परीक्षा दे रहे हैं। 2018 की बोर्ड परीक्षा में कुल 1330143 परीक्षार्थियों को रोल नंबर दिए गए हैं। क्षेत्रीय सचिव राणा सहस्त्रांशु कुमार सुमन ने बताया कि बोर्ड के इतिहास में यह पहला मौका है जबकि पहले दिन इतनी बड़ी संख्या में मेरठ मंडल में छात्रों ने परीक्षा छोड़ दी है।
डीएम और एसएसपी ने किया केंद्रों का दौरा
मेरठ में सुबह Board Exam शुरू होने के बाद जिलाधिकारी और एसएसपी ने जिले के कई परीक्षा केंद्रों का दौरा किया। इस दौरान दोनां अधिकारियों ने परीक्षा केंद्रों पर तैयारियों का जायजा भी लिया। परीक्षा केंद्र निरीक्षकों को आवश्यक निर्देश देने और नकल करने पर सीधे एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए।
लखनऊ से होती रही माॅनिटरिंग
बोर्ड परीक्षा के पहले दिन से ही लखनऊ और बोर्ड कार्यालय इलाहाबाद से परीक्षा की माॅनिटरिंग होती रही। इस दौरान वहां से हर घंटे जेडी कार्यालय फोन कर मंडल की जानकारी ली जाती रही। जेडी माध्यमिक दिव्यकांत शुक्ला ने बताया कि पूरे मंडल में नकल पर रोक की सख्ती के चलते करीब आठ हजार छात्रों ने दोनों पालियों में परीक्षा नहीं दी। उन्होंने बताया कि वे खुद संवेदनशील परीक्षा केंद्रों पर राउंड पर थे।
व्यवस्था ने घंटों लाइन में लगाया
बोर्ड परीक्षा में चेकिंग के बाद ही परीक्षा केंद्र के भीतर घुसने देने के आदेश हैं। इस कारण पहली पारी में छात्राओं को घंटों लाइन में लगकर अपनी बारी का इंतजार करना पडा। चूंकि सीसीटीवी में बोर्ड परीक्षा की पूरी प्रक्रिया कैमरे में कैद हो रही थी इसलिए छात्राओं को भी एक घंटा पहले परीक्षा केंद्र में पहुंचने के निर्देश दिए गए थे।