दिन और रात का तापमान बढ़ रहा है। सूरज के तेवर भी तीखे हो रहे हैं। गर्म मौसम का प्रभाव गेंहू की फसल को प्रभावित कर रहा है।
मौसम का मिजाज इन दिनों हैरान कर रहा है। गर्मी ऐसे पड़ती रही तो इस बार लोग मार्च में मई जैसा मौसम महसूस करेंगे। मौसम के मिजाज को लेकर किसान और कृषि विशेषज्ञ चिंतित है।
मौसम ऐसे ही गर्म रहा तो गेहूं की फसल पर इसका प्रभाव पड़ेगा और उत्पादन प्रभावित होगा। कृषि वैज्ञानिकों का कहना है कि मौसम के कारण गेंहू उत्पादन में मेरठ मंडल पिछड़ सकता है।
फरवरी के पहले सप्ताह से ही तापमान सामान्य से अधिक रहा। फरवरी के अंत तक सूर्य के तेवर बरकरार बने हुए हैं।
दिन के साथ रात का भी तापमान चढ़ रहा
गुरुवार को अधिकतम तापमान 30 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 14 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। आज सुबह 6 बजे सूर्य के दर्शन हुए और सात बजे धूप खिल गई।
8 बजे तक धूप तेज हो जाती है। संभावना है कि सात मार्च को होली पर अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहेगा। न्यूनतम तापमान 16 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है।
मेरठ में धूप छुड़ा रही पसीने
धूप अभी से लोगों के पसीने छुड़ा रही है। जिला उद्यान अधिकारी गमपाल सिंह का कहना है कि गेहूं की फसल इस समय बालियां आ चुकी हैं।
तापमान 28 डिग्री सेल्सियस से अधिक नहीं होना चाहिए। अन्यथा गेहूं का उत्पादन प्रति हेक्टेयर गिरने की संभावना है। किसान हल्की नमी बनाए रखने के लिए फसल की हल्की सिंचाई करते रहें। ऐसे में सबसे अधिक परेशानी उन लोगों को हैं जिन्होंने पछेती गेंहू की खेती की है।