मेरठ

अगर भी कर रहे हैं नौकरी की तलाश तो रहें सावधान, बेरोजगारों को ठगने वाले गिरोह का पर्दाफाश

Highlights: -पुलिस ने तीन लोगों को किया गिरफ्तार -खाद फैक्टरी में किसान सहायक की नौकरी लगवाने का देते थे झांसा -आरोपियों से फर्जी नियुक्ति पत्र भी हुए बरामद

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Nov 05, 2020
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पत्रिका न्यूज नेटवर्क

मेरठ। जिले में एक ऐसे गिरोह का भंड़ाफोड़ हुआ है जो कि नौकरी का झांसा देकर बेरोजगारों से लाखों की रकम ऐठ लेते थे। इसके बाद बेरोजगारों को फर्जी नियुक्ति पत्र पकड़ा देते थे। थाना मेकिडल पुलिस के हत्थे इस गिरोह के तीन लोग चढ़ गए। जिनसे पूछताछ में पता चला कि इन लोगों ने कई लोगों से लाखों की रकम हड़प ली है और उनको फर्जी आफर लेटर थमा दिया।

पकड़े गए गिरोह के सदस्यों ने बताया कि उनका गिरोह कृषि विभाग में बेरोजगारों को नौकरी दिलाने के नाम पर उनसे मोटी रकम ऐंठ लेता है। इनके पास से फर्जी नियुक्ति पत्र बरामद हुए हैं । मेरठ में इस गिरोह का शिकार हुए एक बेरोजगार ने इसकी शिकायत थाने में की। जिस पर पुलिस और एसटीएफ सक्रिय हुई और तीन आरोपियों को फर्जी नियुक्ति पत्रों के साथ गिरफ्तार कर लिया। ये तीनों युवक जिला बुलंदशहर के रहने वाले हैं।

सीओ सिविल लाइन सूरज राय ने बताया कि मेडिकल थाना इलाके के रहने वाले विकास नाम के एक पीडित की शिकायत पर मामला दर्ज करते हुए कार्रवाई की गई है। विकास का आरोप है कि इन लोगों ने उससे लाखों रुपये ऐंठकर फर्जी नियुक्ति पत्र जारी कर दिया और उसे जानी ब्लॉक में कृषि सहायक के पद पर नियुक्ति पत्र दे दिया लेकिन जांच में ये सब फर्जी पाया गया। एसटीएफ और पुलिस की टीम ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

साथ ही बताया है कि अभी और कहां कहां ठगी की गई है और कौन-कौन इसमें शामिल है उसके लिए पूछताछ की जा रही है। सीओ ने बताया कि मुख्य आरोपी दीपक अपने आपको पत्रकार बता रहा है। इनमें दो अन्य आरोपी सचिन और कौशल हैं। तीनों आरोपी बुलंदशहर निवासी है। पुलिस तीनों से पूछताछ कर रही है।

Published on:
05 Nov 2020 03:46 pm