मेरठ

बिजली के बिल को लेकर योगी सरकार का बड़ा फैसला, लॉकडाउन में परेशान लोगों को मिलेगी राहत

Highlights लॉकडाउन में लोगों को बिल जमा करने में हो रही थी परेशानी अभी तक लोगों को तीन महीने के औसत से भेजा गया बिल बिजली विभाग ने बिल जमा करने की समय सीमा बढ़ाई      
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May 12, 2020
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Lockdown के बाद भुगतान न करने वालों से वसूली के लिए अभियान चलाएगा बिजली विभाग

मेरठ। योगी सरकार ने कोराना लॉकडाउन में लोगों को राहत देने वाला फैसला लिया है। दरअसल, आर्थिक परेशानी और अन्य समस्याओं से जूझ रहे लोगों के लिए बिजली का बिल जमा करने की समय सीमा बढ़ाने समेत अन्य रियायतें दी हैं। यदि लॉकडाउन 17 मई को खुल जाता है तो बढ़ाई गई समय सीमा भी लोगों को राहत देने वाली होगी, क्योंकि बिजली का बिल जमा करने की आखिरी तारीख 31 मई निर्धारित की गई है। इसमें यदि कोई पहले बिल जमा कर देता है तो उस उपभोक्ता को छूट का लाभ दिया जाएगा।

उत्तर प्रदेश पावर कारपोरेशन ने पीवीवीएनएल समेत अन्य निगमों को पत्र भेजा है। इसमें वाणिज्य एवं औद्योगिक श्रेणी के एलएमवी-2, 6, एचवी-1 व 2 के उपभोक्ताओं का मई माहतक का फिक्स चार्ज बाद में लिए जाने का निर्णय लिया गया है। यह चार्ज अब जुलाई में लिया जाएगा। साथ ही मार्च से मई तक के बिजली के बिल की देय तिथि 31 मई कर दी गई है। यदि उपभोक्ता देय तिथि से पहले बिल का भुगतान करते हैं तो उन्हें पूर्व भुगतान की मिलने वाली छूट का लाभ मिलेगा।

रेड जोन में घरेलू व कृषि निजी नलकूप श्रेणी के एलएमवी-एक व पांच की बिलिंग नए सिरे से सूची लेकर प्रोविजिनल कराई जाएगी। ओरेंज और ग्रीन जोन वाले जिलों में बिलिंग कार्य मीटर रीडर ही करेगा। पीवीवीएनएल के अंतर्गत वेस्ट यूपी के 14 जिले आते हैं। इनमें मेरठ, गाजियाबाद, मुजफ्फरनगर, सहारनपुर, शामली, बागपत, हापुड़, गौतमबुद्ध नगर, रामपुर, संभल, अमरोहा, मुरादाबाद, बिजनौर, बुलंदशहर जनपद शामिल हैं।

Published on:
12 May 2020 09:33 am