पंजाब के अमृतसर में दशहरे के दिन हुए भीषण रेल हादसे के बाद बाधित रूट को रविवार को फिर से सुचारू किया गया।
नई दिल्ली। पंजाब के अमृतसर में दशहरे के दिन हुए भीषण रेल हादसे के बाद बाधित रूट को रविवार को फिर से सुचारू किया गया। हालांकि आज सुबह ट्रैक साफ कराने के लिए मौके पर पहुंची पंजाब पुलिस को लोगों के गुस्से का सामना करना पड़ा। ट्रैक खाली कराते समय लोगों ने यहां पुलिस फोर्स पर पथराव शुरू कर दिया, जिसके बाद पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर लाठी फटकार वहां खदेड़ दिया।
आपको बता दें कि अमृतसर के जोड़ा फाटक इलाके के पास रविवार को गुस्साए लोगों ने दशहरे के जश्न के दौरान तेज रफ्तार रेल से कुचले जाने वाले 59 लोगों के परिवारों के प्रति पंजाब सरकार और रेलवे की उदासीनता के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करते हुए यातायात बाधित किया था। वहीं, हादसे का शिकार हुए एक मृतक की मां ने घटना के लिए सरकार को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि सरकार हमारे लिए चिंतित नहीं है, जिन्होंने अपने परिवार के सदस्यों को खोया है। सरकार को हमें नौकरियां देनी चाहिए क्योंकि हमारे परिवारों के मुखिया की घटना में मौत हो गई है।
वहीं, एक अन्य मृतक के परिजनों ने कहा कि पंजाब कैबिनेट मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू और उनकी पत्नी नवजोत कौर ने हादसे में जान गंवाने वाले लोगों के परिवारों से मिलने की जहमत तक नहीं उठाई। कैबिनेट मंत्री और उनकी पत्नी शुक्रवार शाम को दशहरा समारोह में बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए थे। आपको बता दें कि पंजाब सरकार ने शनिवार को रेल हादसे में मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दे दिए थे।