
नई दिल्ली। पिछले कुछ दिनों में असम ( Floods in Assam ) में जारी लगातार भारी बारिश की वजह से मगलवार को बाढ़ की वजह से पांच जिलों में कम से कम 9 और लोगों की मौत हो गई। बाढ़ से मौत का नया मामला सामने आने के बाद असम में जान गंवाने वालों की संख्या बढ़कर 85 हो गई है। इसमें बारिश के बाद भूस्खलन ( Landslide ) से मरे 26 लोख भी शामिल हैंं
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्य में जुटे प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया है कि असम के 33 में से 28 जिले बाढ़ ग्रस्त हैं। भीषण बाढ़ की वजह से 33 लाख लोग प्रभावित हुए हैं। इन लोगों को सुरक्षित क्षेत्रों में पहुंचाने का काम जारी है।
असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ( ASDMA ) के अधिकारियों ने कहा कि बीते चार हफ्तों में बिश्वनाथ, तिनसुकिया, लखीमपुर, बनगाइगांव, कामरूप, गोलाघाट, शिवसागर, मोरीगांव, धुबरु, नगांव, नलबारी, बारपेटा, धेमाजी, उदलगुड़ी, गोलपारा और डिब्रूगढ़ जिलों में बाढ़ की वजह से 59 लोगों की मौत हो गई है। वहीं 22 मई से अबतक विभिन्न भूस्खलनों में 26 लोग मारे गए हैं।
3371 गांवों के 33 लाख लोग बाढ़ की चपेट में
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में तैनात अधिकारियों के मुताबिक सोमवार को धुबरी और मोरीगांव में दो लोगों की डूबने से मौत हो गई, लेकिन इन मौतों का बाढ़ से कोई संबंध नहीं हैं। राज्य के 12 जिलों में ब्रह्मपुत्र ( Brahmputra ) समेत आठ नदियों में पानी खतरे के निशान से ऊपर बह रहा है।
एएसडीएमए ( ASDMA ) के अधिकारियों ने आंकडों का हवाला देते हुए कहा कि इन जिलों के 3,371 गावों के 33 लाख लोग प्रभावित हैं और 28 जिलों की 128,495 हेक्टेयर कृषि भूमि ( Farm Land ) भी इसकी चपेट में है।
असम में राष्ट्रीय काजीरंगा पार्क ( Kaziranga National Park ) भी बाढ़ की चपेट में आ गया है। बाढ़ की वजह से काजीरंगा पार्क के जानवरों की जान खतरे में हैं। काजीरंगा पार्क के अधिकारियों ने बाढ़ के प्रभाव से जानवरों को बचाने में जुटे हैं।