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भारतीय सेना ने जवानों को दी चेतावनी, आरोग्य सेतु ऐप का सावधानी से करें इस्तेमाल

सेना ने जवानों, बुजुर्गों-परिजनों के लिए जारी की सलाह। ऐप इस्तेमाल के दौरान साइबर सुरक्षा नीतियों का पालन करें। संवेदनशील इलाकों में ऐप का इस्तेमाल न करने का आदेश। फोन में लोकेशन-ब्लूटूथ को प्रयोग करने संबंधी दिशा-निर्देश भी।
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Updated: 15 Apr 2020, 11:02 PM IST
Army warns Soldiers on Aarogya Setu App
Army warns Soldiers on Aarogya Setu App

नई दिल्ली। देश में कोरोना वायरस का कॉन्टैक्ट-ट्रेसिंग ऐप आरोग्य सेतु डाउनलोड करने के लिए भारत सरकार भी पूरा जोर लगा रही है। इस बीच भारतीय सेना ने बुधवार को अपने कर्मियों, बुजुर्गों और परिवारों के लिए जारी अपनी सलाह दोहराई है और जोर दिया है कि ऐप डाउनलोडिंग के दौरान मोबाइल फोन पर मौजूदा साइबर सुरक्षा नीतियों का पालन किया जाए।

भारतीय सेना के अधिकारियों ने बुधवार को सेवा कर्मियों को सलाह दी है कि वे कार्यालयों, परिचालन क्षेत्रों और संवेदनशील स्थानों में ऐप का उपयोग न करें। कर्मियों से इस ऐप में रैंक और नियुक्ति सहित सेवा की पहचान का खुलासा नहीं करने के लिए कहा है।

दूसरे अधिकारी ने कहा कि सैनिकों को बताया गया है कि मोबाइल की लोकेशन सर्विसेज और ब्लूटूथ को केवल तभी स्विच ऑन (चालू) करें जब उनसे सार्वजनिक स्थानों पर जाने, आइसोलेशन सेंटर्स मैनेज करने, नागरिक अधिकारियों को COVID-19 संबंधित सहायता और आवश्यक प्रशासनिक कर्तव्यों के लिए छावनी और सैन्य स्टेशनों से बाहर जाने के लिए कहा जाता है। जवानों को मोबाइल ऑपरेटिंग सिस्टम को अपडेट करने और एंटीवायरस इंस्टॉल करने के लिए भी कहा गया है।

आरोग्य सेतु 13 दिनों में 5 करोड़ यूजर्स के साथ मंगलवार रात दुनिया का सबसे तेजी से बढ़ने वाला मोबाइल ऐप बन गया है। इनमें से, 1.1 करोड़ यूजर्स ने इसे केवल एक दिन में डाउनलोड किया था, जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बीते एक माह में राष्ट्र के नाम अपने तीसरे संबोधन के दौरान लोगों से इसे डाउनलोड करने का आग्रह किया था।

यह आरोग्य सेतु ऐप यूजर्स को कोरोना वायरस संक्रमण के संभावित जोखिमों की जानकारी देने के साथ यह सुरक्षित व्यवहार और ताजा मेडिकल एडवायजरी को 11 भाषाओं में मुहैया कराता है।

Updated on:
15 Apr 2020, 11:02 PM IST
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