
नई दिल्ली। वैसे तो पूरे विश्व में ही कोरोना वायरस (Coronavirus) तेजी से फैल रहा है। लेकिन जबसे मौसम में बदलाव हुआ है, तबसे भारत के हर राज्य में संक्रमितों की संख्या में तेजी से इजाफा हुआ है। खासकर दिल्ली में। खबरें तो यहां तक भी आई थी कि दिल्ली के सीएम केजरीवाल (CM Arvind Kejriwal) दोबारा से लॉकडाउन लगाने का विचार कर रहे हैं। लेकिन इस बीच नोएडा (Noida) और दिल्ली बॉर्डर (delhi border) पर कोरोना की रैंडम टेस्टिंग (Coronavirus Random Testing) शुरू कर दी गई है।
क्रॉस बॉर्डर संक्रमण पर पार पाने की कोशिश
गौरतलब है कि दिल्ली और नोएडा बॉर्डर पर हर दिन हजारों की संख्या में लोगों को आना-जाना होता है। इसलिए नोएडा प्रशासन ने क्रॉस बॉर्डर संक्रमण को रोकने के लिए एहतियाती तौर पर कड़े कदम उठाते हुए दिल्ली और नोएडा बॉर्डर कोरोना की रैंडम जांच शुरू की है। इससे क्रास बॉर्डर संक्रमण फैलने पर कुछ हद तक लगाम लग सकती है।
नोएडा में संक्रमितों की संख्या 20 हजार पार
नोएडा में मंगलवार को मिले 132 कोरोना संक्रमितों के साथ कुल 20,500 लोग इस बीमारी की जकड़ में आ चुके हैं। हालांकि 19 हजार से ज्यादा लोग पूरी तरह ठीक भी हो चुके हैं। इसके मद्देनजर नोएडा प्रशासन ने कई अहम फैसले लिए हैं। डिलिवरी ब्यॉय, दुकानदार और रिक्शा चालकों की टारगेट सैंपलिंग की जाएगी। वही नोएडा से दिल्ली आने-जाने वालों पर खास नजर रखी होगी।
दिल्ली में कोरोना के मामलों में खासी बढ़ोतरी
नवंबर महीने में सामने आई 8 शहरों की रिपोर्ट में दिल्ली में कोरोना संक्रमितों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। दिल्ली में इस महीने 26.5 प्रतिशत मामले बढ़े हैं। वहीं कोलकाता में 16.6 प्रतिशत, सूरत में 8.4 प्रतिशत, अहमदाबाद में 8 प्रतिशत, बेंगलुरु में 6.4 प्रतिशत, चेन्नई में 4.7 प्रतिशत, मुंबई में 4.2 प्रतिशत और पुणे में 2.5 प्रतिशत केस बढ़े हैं।
दिल्ली में मृत्यु दर भी बढ़ा
संक्रमितों की संख्या में बढ़ोत्तरी होने के साथ ही दिल्ली में मरने वालों की संख्या में भी तेजी से इजाफा हो रहा है। दिल्ली में नवंबर महीने में मरने वालों की संख्या 18.5 प्रतिशत बढ़ी है। वहीं दूसरे नंबर पर कोलकाता, तीसरे पर पुणे, चौथे पर बेंगलुरु और पांचवें पर चेन्नई है।