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प्रदूषण पर सख्त सुप्रीम कोर्ट, केंद्र से वाहनों में इस्तेमाल होने वाले होलोग्राम स्टीकर की मांगी रिपोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने राजधानी दिल्ली और एनसीआर में चलने वाले सभी वाहनों के लिए होलोग्राम आधारित रंगीन स्टीकर संबंधी रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा है।

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Oct 10, 2018
Supreme Court
New Vehicle Insurance Policy issued by Supreme Court

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने राजधानी दिल्ली में चलने वाले सभी वाहनों के लिए होलोग्राम आधारित रंगीन स्टीकर संबंधी रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा है। सुप्रीम कोर्ट ने वाहनों में इस्तेमाल किए जा रहे ईंधन की प्रकृति को इंगित करने वाले स्टीकर्स और उनके रंगों की जानकारी देने को भी कहा है। शीर्ष अदालत ने यह टिप्पणी दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण से संबंधित पीआईएल पर सुनवाई के दौरान की। आपको बता दें कि देश की सर्वोच्च अदालत के निर्देश पर बुधवार तीन अक्टूबर से दिल्ली परिवहन विभाग (डीटीसी) ने इस योजना की शुरूआत कर दी है। इन स्टीकर्स को देखकर ही पता लगाया जा सकेगा कि वाहन में किस तरह के ईंधन का इस्तेमाल किया जा रहा है।

दरअसल, इस व्यवस्था का उद्देश्य राजधानी में प्रदूषण के स्तर को कम करना है। हालांकि शुरुआती दौर में यह व्यवस्था केवल नई कारों के लिए लागू की गई है। इसका सबसे बड़ा लाभ यह होगा कि इन स्टीकर्स की मदद से दिल्ली में लागू होने वाली ईवन-ऑड जैसी योजनाओं में वाहन की दूर से पहचान करना आसान होगा। जबकि पेट्रोल पंप पर आपका वाहन आसानी से पहचाना जा सकेगा, जिससे गाड़ी में गलत ईंधन डाले जाने की संभावना शून्य के बराबर रह जाएगी।

इस योजना से ट्रैफिक पुलिस को भी काफी मदद मिलेगी। दरअसल, होलोग्राम की मदद से ट्रैफिक पुलिस के लिए वाहनों की पहचान करने में सरलता रहेगी। जिससे 10 साल पुराने डीजल वाहनों को मेन स्ट्रीम से निकालने में मदद मिलेगी।

Published on:
10 Oct 2018 09:01 pm