
UP Rain Alert: उत्तर प्रदेश में मॉनसून एक बार फिर पूरी ताकत के साथ सक्रिय हो गया है। पिछले कई दिनों से लगातार हो रही बारिश ने प्रदेश के कई हिस्सों में जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। शहरों में सड़कों पर जलभराव, ग्रामीण इलाकों में कीचड़ और कई स्थानों पर बढ़ते नदी-नालों के जलस्तर ने लोगों की परेशानियां बढ़ा दी हैं। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 22 जुलाई के लिए प्रदेश के अनेक जिलों में भारी बारिश, गरज-चमक और आकाशीय बिजली गिरने की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने, अनावश्यक यात्रा से बचने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी है।
मौसम विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी में बना निम्न दबाव का क्षेत्र अब कमजोर पड़ चुका है, लेकिन उसके प्रभाव से उत्तर प्रदेश में मॉनसून की गतिविधियां काफी तेज हो गई हैं। पिछले तीन से चार दिनों के दौरान प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में लगातार बारिश रिकॉर्ड की गई है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि वातावरण में नमी की मात्रा अधिक होने और मानसूनी हवाओं के सक्रिय बने रहने के कारण आने वाले दिनों में भी कई जिलों में अच्छी बारिश होने की संभावना बनी हुई है।
22 जुलाई को दक्षिणी, मध्य और पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है। इसके साथ ही तेज गर्जना, चमकती बिजली और कुछ स्थानों पर तेज हवाएं चलने का भी अनुमान है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि बारिश के दौरान खुले मैदान, पेड़ों, बिजली के खंभों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहें। किसानों को भी खेतों में काम करते समय विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
मौसम विभाग के अनुसार मेरठ, मुजफ्फरनगर, गौतमबुद्ध नगर, अलीगढ़, मथुरा, आगरा, ललितपुर, झांसी, महोबा, हमीरपुर, बांदा, प्रयागराज, मिर्जापुर, सोनभद्र, चंदौली, वाराणसी, आजमगढ़ और गोरखपुर समेत कई जिलों में भारी बारिश की संभावना है। इन जिलों में स्थानीय प्रशासन को भी अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए गए हैं ताकि किसी भी आपात स्थिति से समय रहते निपटा जा सके।
मुरादाबाद मंडल के लोगों के लिए भी राहत और सतर्कता दोनों की स्थिति बनी हुई है। मौसम विभाग के अनुसार मुरादाबाद, अमरोहा, संभल, रामपुर और बिजनौर में दिनभर बादल छाए रहने, रुक-रुककर मध्यम से तेज बारिश होने तथा कई स्थानों पर गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। कुछ इलाकों में आकाशीय बिजली गिरने का खतरा भी बना रहेगा। लगातार बारिश के कारण निचले क्षेत्रों में जलभराव और ग्रामीण सड़कों पर आवागमन प्रभावित हो सकता है। किसानों के लिए यह बारिश खरीफ फसलों के लिहाज से लाभदायक मानी जा रही है, हालांकि अत्यधिक वर्षा होने पर खेतों में जलभराव की समस्या भी उत्पन्न हो सकती है।
पिछले 24 घंटों के दौरान पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश दोनों क्षेत्रों में मॉनसून पूरी तरह सक्रिय रहा। अधिकांश जिलों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई, जबकि कई स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा हुई। लगातार बारिश के कारण तापमान में भी उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई। प्रदेश का सबसे कम न्यूनतम तापमान 21.2 डिग्री सेल्सियस हरदोई में रिकॉर्ड किया गया, जिससे लोगों को उमस से काफी राहत मिली।
मौसम विभाग के अनुसार 23 से 25 जुलाई के बीच प्रदेश में किसी बड़े मौसम अलर्ट की संभावना फिलहाल नहीं है। हालांकि इस दौरान अधिकांश जिलों में हल्की से मध्यम बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है। मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि 26 जुलाई से एक बार फिर मॉनसून सक्रिय होकर उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में तेज बारिश का नया दौर शुरू कर सकता है। ऐसे में किसानों, यात्रियों और आम लोगों को मौसम विभाग की ताजा चेतावनियों और अपडेट पर लगातार नजर रखने की सलाह दी गई है।
मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि बारिश और आकाशीय बिजली के दौरान अनावश्यक रूप से घरों से बाहर न निकलें तथा मौसम संबंधी ताजा अपडेट पर लगातार नजर बनाए रखें। जिन क्षेत्रों में भारी बारिश की संभावना जताई गई है, वहां स्थानीय प्रशासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करना जरूरी है। किसानों को खेतों में जलनिकासी की उचित व्यवस्था करने, जबकि यात्रियों को लंबी दूरी की यात्रा से पहले मौसम की स्थिति की जानकारी लेने की सलाह दी गई है। आने वाले दिनों में मॉनसून की सक्रियता बनी रहने की संभावना है, इसलिए प्रदेश के कई जिलों में बारिश का दौर जारी रह सकता है।