Moradabad News: यूपी के मुरादाबाद में जमीन विवाद को लेकर दो पक्षों में हिंसक झड़प हो गई, जिसमें महिलाओं समेत कई लोग घायल हो गए। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
Land Dispute Violent Moradabad: मुरादाबाद जिले के कांठ थाना क्षेत्र के पट्टी मौढ़ा गांव में मंगलवार को जमीन विवाद को लेकर दो पक्षों के बीच जबरदस्त हिंसक झड़प हो गई। मामूली कहासुनी से शुरू हुआ विवाद देखते ही देखते खूनी संघर्ष में बदल गया, जिसमें महिलाओं सहित कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल बना हुआ है, जबकि पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए स्थिति को नियंत्रण में लिया।
जानकारी के अनुसार, गांव निवासी परमानंद और राजकुमार के बीच जमीन को लेकर लंबे समय से विवाद चला आ रहा था। इस मामले को लेकर पहले भी कई बार पंचायत और पुलिस स्तर पर समझौते की कोशिश की गई, लेकिन कोई स्थायी समाधान नहीं निकल सका। सोमवार को भी पुलिस ने दोनों पक्षों को बुलाकर शांति बनाए रखने की सख्त हिदायत दी थी।
मंगलवार सुबह स्थिति तब बिगड़ गई जब राजकुमार अपने कुछ साथियों के साथ विवादित जमीन पर पहुंचा और वहां लगे टिनशेड को हटाने लगा। इस पर परमानंद के परिवार ने विरोध जताया, जिसके बाद दोनों पक्षों में तीखी बहस शुरू हो गई। कुछ ही देर में गाली-गलौज ने हिंसक रूप ले लिया और दोनों ओर से लाठी-डंडे चलने लगे।
इस खूनी झड़प में परमानंद के बेटे ललित और अनिल के साथ उनकी पुत्रवधू वर्षा गंभीर रूप से घायल हो गए। वहीं, दूसरे पक्ष से राजकुमार और उसके साथी भी चोटिल हुए हैं। मौके पर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई और ग्रामीणों ने किसी तरह बीच-बचाव कर स्थिति को संभालने की कोशिश की।
घटना की सूचना मिलते ही कांठ थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को काबू में किया। सभी घायलों को तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। पुलिस ने मौके पर जांच-पड़ताल कर साक्ष्य जुटाए और पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली।
पुलिस ने परमानंद की तहरीर के आधार पर राजकुमार, देवेंद्र सहित कई अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। साथ ही घटनास्थल से साक्ष्य जुटाकर मामले की गहराई से जांच की जा रही है। आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है और विवाद के पूरे घटनाक्रम को समझने के लिए सभी पहलुओं पर ध्यान दिया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और जल्द ही आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।