
Sanjay singh aap alleges bjp: उत्तर प्रदेश में वर्ष 2027 में प्रस्तावित विधानसभा चुनाव से पहले सियासी हलचल तेज होती जा रही है। आम आदमी पार्टी की ‘वोट बचाओ-संविधान बचाओ’ पदयात्रा मंगलवार को मुरादाबाद पहुंची, जहां राज्यसभा सांसद और पार्टी के यूपी प्रभारी संजय सिंह ने केंद्र और प्रदेश की भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि भाजपा सुनियोजित तरीके से दलितों और पिछड़ों को निशाना बनाकर उनके मताधिकार को खत्म करने की कोशिश कर रही है।
पदयात्रा के दौरान मीडिया और कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए संजय सिंह ने कहा कि स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) के जरिए लाखों नागरिकों को घुसपैठिया साबित करने की तैयारी की जा रही है। उनका आरोप था कि यह पूरी प्रक्रिया चुनाव से ठीक पहले लाई जा रही है, ताकि कमजोर वर्गों के वोट काटे जा सकें और लोकतांत्रिक प्रक्रिया को प्रभावित किया जा सके।
संजय सिंह ने सवाल उठाते हुए कहा कि अगर देश में घुसपैठिए मौजूद हैं, तो पिछले 11 वर्षों से सत्ता में रही भाजपा सरकार ने उन्हें आने ही क्यों दिया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि सीमा सुरक्षा की जिम्मेदारी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह की है, ऐसे में अब आम नागरिकों को कटघरे में खड़ा करना पूरी तरह राजनीतिक साजिश है।
आप सांसद ने दो टूक शब्दों में कहा कि चुनावी समय में SIR जैसी प्रक्रियाओं को लागू करना जनता के अधिकारों पर सीधा हमला है। उन्होंने चेतावनी दी कि आम आदमी पार्टी इसे किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं करेगी और लोकतंत्र की रक्षा के लिए सड़क से संसद तक संघर्ष किया जाएगा।
सिविल लाइंस स्थित अंबेडकर पार्क में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए संजय सिंह ने भाजपा सरकार को कटघरे में खड़ा किया। उन्होंने कहा कि देश में सरकार जनता को गुमराह कर रही है और असली मुद्दों से ध्यान हटाने के लिए नकली बहसें खड़ी की जा रही हैं।
संजय सिंह ने कहा कि देश में महंगाई लगातार बढ़ रही है, बेरोजगारी चरम पर है, किसान खाद के लिए लंबी लाइनों में खड़े हैं और रुपये की गिरती कीमत ने देश को कर्ज में डुबो दिया है। उनके मुताबिक इन सवालों का जवाब देने के बजाय सरकार वोट कटौती जैसे मुद्दे खड़े कर रही है।
आप नेता ने दावा किया कि उत्तर प्रदेश में करीब 3.50 करोड़ लोगों के वोट काटने की तैयारी चल रही है। उन्होंने कहा कि जिन लोगों के नाम मतदाता सूची से हटाए जाएंगे, आगे चलकर उनके राशन कार्ड, पेंशन और सरकारी योजनाओं पर भी असर पड़ेगा, जिससे गरीब और वंचित वर्ग सबसे ज्यादा प्रभावित होगा।
संजय सिंह ने कहा कि यह लड़ाई किसी पार्टी की नहीं बल्कि संविधान और लोकतंत्र को बचाने की है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे जागरूक रहें और अपने मताधिकार की रक्षा के लिए आगे आएं, क्योंकि वोट का अधिकार छिनना सीधे नागरिकता पर सवाल खड़ा करने जैसा है।