
Lohagad Fort Case CCTV:महाराष्ट्र के लोहगढ़ किला मर्डर केस में हर नए-नए खुलासे हो रहे हैं, जो समाज और रिश्तों की दोहरी मानसिकता को उजागर कर रहे हैं। 26 साल के पुणे के बिजनेसमैन केतन अग्रवाल की हत्या के मामले में पुलिस पूछताछ के दौरान एक बेहद हैरान करने वाली वजह सामने आई है। आरोपी प्रेमी चेतन चौधरी ने पुलिस के सामने कुबूल किया है कि आखिर क्यों उन्होंने केतन से पीछा छुड़ाने के लिए भागने या सगाई तोड़ने के बजाय उसकी जान लेना बेहतर समझा। दरअसल, पुलिस की में आरोपी प्रेमी चेतन बाबूलाल चौधरी ने खुलासा किया है कि वे दोनों केतन को रास्ते से हटाना नहीं चाहते थे, लेकिन सामाजिक प्रतिष्ठा और परिवार की बदनामी के डर ने उन्हें हत्यारा बना दिया।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि जब चेतन से पूछा गया कि उन्होंने भागकर शादी करने या सगाई तोड़ने के बजाय केतन की हत्या करने का खौफनाक रास्ता क्यों चुना, तो उसने कहा कि 'सिया केतन से शादी नहीं करना चाहती थी, लेकिन वह सगाई तोड़कर मेरे साथ भागने के भी खिलाफ थी। सिया का मानना था कि अगर वह सगाई तोड़ती है या घर से भागती है, तो इससे समाज में उसके माता-पिता और परिवार की भारी बदनामी होगी और उन्हें अपमानित होना पड़ेगा। इसी पारिवारिक प्रतिष्ठा को बचाने के चक्कर में उसने केतन को रास्ते से हटाने की साजिश रच डाली।'
आपको बता दें कि इस हत्याकांड में पुलिस को CCTV फुटेज से बहुत मदद मिली है। दरअसल, 18 जून को लोहगढ़ किले पर हुई इस घटना को शुरुआत में सिया ने पैर फिसलने का हादसा बताया था। लेकिन जांच के दौरान किले के टिकट काउंटर पर लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरों की फुटेज ने पूरी कहानी पलट कर रख दी। फुटेज में साफ दिखा कि किले के एंट्री पॉइंट और टिकट काउंटर के पास एक संदिग्ध शख्स लगातार केतन और सिया का पीछा कर रहा था।
पुलिस का कहना है कि 'फुटेज में दिख रहा शख्स शॉर्ट्स (हाफ पैंट) और एक हुडी (Hoodie) पहने हुए था। उसने हुडी की कैप को आगे से इतना नीचे खींच रखा था कि उसका चेहरा पूरी तरह छिप गया था। इसके अलावा, उसने हुडी के ऊपर से ही हेडसेट (हेडफोन) भी लगा रखा था ताकि कोई उसे पहचान न सके।' जब पुलिस ने इस कूट नाम और तकनीकी फुटप्रिंट्स की कड़ाई से जांच की, तो पता चला कि वह संदिग्ध कोई और नहीं बल्कि सिया का प्रेमी चेतन चौधरी ही था, जिसे सिया ने खुद वहां बुलाया था।