
महाराष्ट्र के कोल्हापुर जिले से एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। जहां पहचान पत्र (ID Card) बनाकर देने के बहाने एक युवती को अपने जाल में फंसाया गया। इसके बाद उसकी अश्लील तस्वीरें और वीडियो बनाकर उसे सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी दी। फिर आरोपियों ने उसके साथ कई बार दुष्कर्म किया। मामले के सामने आने के बाद राधानगरी, कागल और भुदरगढ़ क्षेत्र में हड़कंप मच गया है।
पीड़िता की शिकायत के बाद मुर्गूड पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए महज एक घंटे के भीतर चार युवकों को गिरफ्तार कर लिया। अदालत ने सभी आरोपियों को 6 जून तक पुलिस हिरासत में भेज दिया है।
मुर्गूड पुलिस के अनुसार, पीड़िता ने पहचान पत्र बनवाने के लिए मुख्य आरोपी आदित्य शेटके को अपनी तस्वीर भेजी थी। कुछ दिनों बाद आरोपी ने युवती को बताया कि उसका आईडी कार्ड तैयार हो गया है और उसे लेने के लिए मुदाल तिट्टा आने को कहा।
इसके बाद आरोपी ने यह कहकर कि पहचान पत्र मुर्गूड में रखा है, युवती को अपनी बाइक पर बैठाकर शहर के बाहरी इलाके में स्थित एक सुनसान स्थान पर ले गया।
शिकायत के मुताबिक, सुनसान जगह पर बाइक रोककर आरोपी ने युवती के साथ हैवानियत शुरू की। उसने पीड़िता की तस्वीरों का दुरुपयोग कर उससे अश्लील वीडियो तैयार कर वायरल करने की धमकी दी। इससे युवती घबरा गई और आरोपी की बात मानने पर मजबूर हो गई।
शिकायत के अनुसार, बाद में युवती को अलग-अलग लॉज में ले जाया गया, जहां उसके साथ दरिंदगी की गई। इस दौरान पीड़िता का अश्लील वीडियो मोबाइल से रिकॉर्ड किया गया। इन आपत्तिजनक वीडियो के आधार पर उसे लगातार ब्लैकमेल किया गया और उसका यौन शोषण किया गया।
पीड़िता ने अपनी शिकायत में कहा है कि अश्लील वीडियो और तस्वीरों के जरिए उसे आदित्य ने अन्य आरोपियों के संपर्क में रहने के लिए भी मजबूर किया गया। इसके बाद उसके साथ कई महीनों तक रणजित, प्रणवगिरी और विक्रम ने भी अलग-अलग स्थानों पर ले जाकर उसके साथ दुष्कर्म किया।
पीड़िता ने आखिरकार साहस दिखाकर सोमवार रात मुर्गूड पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई शुरू की। मुख्य आरोपी आदित्य समेत चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने चारों आरोपियों को अदालत में पेश किया, जहां से उन्हें 6 जून तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया। अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस मामले में कोई अन्य व्यक्ति शामिल था या नहीं। पीड़िता के आरोपों के आधार पर डिजिटल साक्ष्यों, मोबाइल फोन और अन्य तकनीकी पहलुओं की जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद आरोपियों के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।