राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी में राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव को लेकर हलचल तेज हो गई है। अगले एक महीने के भीतर ही एनसीपी का नया अध्यक्ष चुना जा सकता है। बजट सत्र के दौरान ही पार्टी के भीतर अध्यक्ष पद की प्रक्रिया पूरी करने की तैयारी चल रही है।
महाराष्ट्र के कद्दावर नेता अजित पवार के निधन के बाद राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) अब अपने नए नेतृत्व की ओर कदम बढ़ा रही है। पार्टी में राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव को लेकर हलचल तेज हो गई है। अगले एक महीने के भीतर ही एनसीपी का नया अध्यक्ष चुना जा सकता है। सूत्रों के मुताबिक, सुनेत्रा पवार (Sunetra Pawar) को पार्टी का नया राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया जा सकता है। खास बात यह है कि पार्टी के पदाधिकारी और विधायक उनकी निर्विरोध नियुक्ति के पक्ष में हैं।
एनसीपी के पार्टी सूत्रों के मुताबिक, अगले एक महीने के भीतर अध्यक्ष पद का चुनाव संपन्न करने की योजना है। महाराष्ट्र विधानसभा के बजट सत्र से पहले पार्टी की आंतरिक बैठक बुलाकर उनके नाम पर मुहर लगाई जा सकती है। राष्ट्रीय कार्यकारिणी के पदाधिकारियों और राज्य के वरिष्ठ नेताओं के बीच इस पर सहमति बन चुकी है।
अजित पवार के जाने के बाद पार्टी को संभालने के लिए नेतृत्व की तलाश तेज थी। एनसीपी के सांस्कृतिक सेल के अध्यक्ष बाबासाहेब पाटिल के नेतृत्व में 30 से अधिक प्रमुख पदाधिकारियों ने पत्र लिखकर एनसीपी के कार्यकारी अध्यक्ष प्रफुल्ल पटेल और एनसीपी की महाराष्ट्र इकाई के अध्यक्ष सुनील तटकरे से मांग की है कि सुनेत्रा पवार को ही पार्टी की कमान सौंपी जाए। विधायकों का एक बड़ा वर्ग भी उनके समर्थन में खड़ा है।
इससे पहले एनसीपी के कार्यकारी अध्यक्ष प्रफुल्ल पटेल ने रविवार को उन खबरों को निराधार बताया, जिनमें उन्हें पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष नियुक्त किये जाने की बात कही गई थी। उन्होंने कहा, मुझे एनसीपी अध्यक्ष बनाए जाने की खबरें पूरी तरह से निराधार हैं और इनमें कोई सच्चाई नहीं है। उन्होंने कहा, "एनसीपी एक लोकतांत्रिक संस्था है। इतना बड़ा फैसला हमारे वरिष्ठ नेतृत्व और विधायकों से परामर्श करने, हमारे समर्पित पार्टी पदाधिकारियों से बातचीत करने और हमारे सभी पार्टी सदस्यों की भावनाओं और सामूहिक इच्छा का सम्मान करने के बाद ही लिया जाएगा। एक राष्ट्रीय पार्टी होने के नाते, हम इन मामलों में स्थापित प्रक्रिया का पालन करते हैं।’’
अजित पवार के निधन के बाद उपमुख्यमंत्री पद की शपथ लेने वाली सुनेत्रा पवार को राष्ट्रीय राजनीति में सक्रीय करने की दिशा में रणनीति बनाई जा रही है। सूत्रों के अनुसार, शपथ ग्रहण से पहले उन्होंने पवार परिवार के वरिष्ठ सदस्यों से आशीर्वाद लिया था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी दुर्घटना के बाद सुनेत्रा पवार को फोन कर सांत्वना दी थी। जल्द ही सुनेत्रा पवार दिल्ली का दौरा करेंगी, जहां वे पीएम मोदी और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से मुलाकात करेंगी।
गौरतलब हो कि 28 जनवरी को पुणे जिले के बारामती में प्लेन क्रैश में अजित पवार के निधन के बाद उनकी पत्नी सुनेत्रा पवार ने उप-मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। उन्हें उनके पति के पास रहे वित्त और योजना विभाग नहीं दिए गए हैं। इसके बजाय उन्हें आबकारी, खेल और युवा कल्याण तथा अल्पसंख्यक कल्याण विभाग सौंपे गए हैं। वित्त और योजना विभाग अब मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के पास हैं। उम्मीद है कि वे 23 फरवरी से शुरू होने वाले बजट सत्र के बाद वित्त विभाग एनसीपी को लौटा सकते हैं।
सुनेत्रा पवार का शपथ ग्रहण समारोह अजित पवार के निधन के चौथे दिन आयोजित किया गया था। इसके बाद मंगलवार को उन्हें पुणे और बीड जिलों का गार्जियन मिनिस्टर भी नियुक्त किया गया।