मुंबई

मनोज जरांगे के हमलों पर संजय शिरसाट का पलटवार, कहा- ‘आरक्षण पर बोलें, व्यक्तिगत और पार्टी की राजनीति से दूर रहें’

Manoj Jarange Patil: मनोज जरांगे पाटील की आलोचना पर मंत्री संजय शिरसाट ने पलटवार किया है। उन्होंने जरांगे से आरक्षण के मुद्दे तक सीमित रहने और व्यक्तिगत व पार्टी की राजनीति से दूर रहने की अपील की। साथ ही मराठवाड़ा के सूखे जैसे हालात पर किसानों के लिए जल्द राहत की घोषणा की बात कही।
2 min read
Sep 24, 2026
Sanjay Shirsat on Manoj Jarange
मनोज जरांगे के हमलों पर संजय शिरसाट का पलटवार, फोटो सोर्स- ANI

Maratha Reservation: छत्रपति संभाजीनगर में मराठा आरक्षण आंदोलन के नेता मनोज जरांगे पाटील की ओर से महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और शिवसेना के मुख्य नेता एकनाथ शिंदे समेत पार्टी के नेताओं पर लगातार की जा रही टिप्पणी को लेकर मंत्री संजय शिरसाट ने पलटवार किया है। उन्होंने जरांगे से कहा कि उनका मुद्दा आरक्षण है, इसलिए उन्हें इसी मुद्दे पर बोलना और आंदोलन करना चाहिए।

महाराष्ट्र टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, शिरसाट ने कहा कि मनोज जरांगे को व्यक्तिगत टिप्पणी और पार्टी की राजनीति में नहीं पड़ना चाहिए। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर जरांगे व्यक्तिगत और राजनीतिक बयान देंगे तो उनके खिलाफ भी प्रतिक्रिया आएगी और उन्हें आलोचना का सामना करना पड़ेगा।

सूखे जैसे हालात पर सरकार एक्शन मोड में

मराठवाड़ा में सूखे जैसे हालात को लेकर संजय शिरसाट ने कहा कि राज्य सरकार पूरी तरह एक्शन मोड में है। उन्होंने दावा किया कि अगले दो दिनों में किसानों के लिए बड़ी राहत की घोषणा की जाएगी। शिरसाट के मुताबिक, कैबिनेट बैठक में मुख्यमंत्री और सभी मंत्रियों ने किसानों की स्थिति पर गंभीर चर्चा की। उन्होंने कहा कि किसानों को राहत देना जरूरी है और मुख्यमंत्री ने सभी मंत्रियों को प्रभावित क्षेत्रों में जाकर स्थिति का जायजा लेने के निर्देश दिए हैं। साथ ही सरसकट पंचनामे यानी सभी प्रभावित किसानों के फसल नुकसान का आकलन करने के निर्देश भी दिए गए हैं।

रोहित पवार पर भी साधा निशाना

राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) के विधायक रोहित पवार की ओर से आचार संहिता को लेकर लगाए गए आरोपों पर भी शिरसाट ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि रोहित पवार को पहले आचार संहिता का अर्थ समझना चाहिए। शिरसाट ने कहा कि आपात स्थिति में तत्काल फैसले लेने पड़ते हैं और ऐसे मामलों में चुनाव आयोग की अनुमति लेकर राहत की घोषणा की जा सकती है। उन्होंने रोहित पवार से चुनाव आयोग को लेकर अनावश्यक संदेह का माहौल नहीं बनाने की अपील की। कृषि मंत्री पर रोहित पवार की टिप्पणी को लेकर शिरसाट ने कहा कि उन्हें राजनीतिक भाषा का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि पहले अपने दल के अंदर के विवाद सुलझाएं और इसके बाद किसानों के हित में सरकार के साथ मिलकर काम करें।

संजय राउत के बयान पर भड़के शिरसाट

शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के सांसद संजय राउत के एक बयान पर भी संजय शिरसाट ने तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि गंभीर विषय पर इस तरह की टिप्पणी करना गलत है। शिरसाट ने कहा कि मुख्यमंत्री की तुलना किसी डॉन से करना गंभीर बात है। उन्होंने संजय राउत से सवाल करते हुए कहा कि अगर किसी चुनाव में पाकिस्तान का झंडा लेकर लोग नाच रहे थे तो क्या इसका मतलब यह निकाला जाए कि संबंधित लोग पाकिस्तान के एजेंट हैं? उन्होंने ठाकरे गुट के नेताओं पर चुनावी हार के बाद ‘फिक्सिंग’ का आरोप लगाने और जीत के बाद चुप रहने जैसी दोहरी भूमिका अपनाने का आरोप भी लगाया।

किसानों से माफी मांगने की बात

उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के बुलढाणा दौरे का जिक्र करते हुए शिरसाट ने कहा कि दौरा करीब तीन से चार घंटे देर से हुआ। इसके कारण शिंदे को कार से यात्रा करनी पड़ी और वह कुछ किसानों से मुलाकात नहीं कर सके। शिरसाट ने कहा कि एकनाथ शिंदे खुद किसान परिवार से आते हैं। किसानों से मुलाकात नहीं हो पाने और दौरे में हुई देरी को लेकर उन्होंने किसानों से खेद जताया और उनकी ओर से माफी मांगी।

Updated on:
24 Sept 2026 04:01 pm
Published on:
24 Sept 2026 03:33 pm