मुंबई

तरबूज नहीं, ‘साजिश’ का शिकार बना मुंबई का डोकाडिया परिवार? नए एंगल से जांच शुरू

Mumbai Watermelon Food Poisoning Death: मुंबई में तरबूज खाने के बाद एक ही परिवार के चार लोगों की मौत का मामला अब नया और चौंकाने वाला मोड़ लेता दिख रहा है। शुरुआत में इसे फूड पॉइजनिंग माना जा रहा था, लेकिन बाद में जहर देने की आशंका ने सनसनी फैला दी। अब जांच के दौरान सामने आई नई जानकारी ने इस केस को और उलझा दिया है।
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May 03, 2026
Mumbai Watermelon Death case update
तरबूज खाने से मौत मामले में नया खुलासा (Photo: X/pxhere)

मुंबई के पायधुनी इलाके में तरबूज खाने से एक ही परिवार के चार सदस्यों की मौत के मामले ने अब एक सनसनीखेज मोड़ ले लिया है। जिसे पहले 'फूड पॉइजनिंग' समझा जा रहा था, वह अब हत्या की गहरी साजिश की ओर इशारा कर रहा है। शुरुआती जांच में खाने-पीने की चीजों में कोई भी जहरीला या हानिकारक पदार्थ नहीं मिला है। पीड़ित के घर से बिरयानी, तरबूज, फ्रिज का पानी, चावल, चिकन, मसाले जैसी 11 चीजों के जो सैंपल लिए गए थे, उनमें मिलावट के कोई सबूत नहीं मिले है। वहीं दूसरी तरफ पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट पीड़ितों के शरीर में जहरीला पदार्थ होने की तरफ इशारा कर रही है। जिससे मामला और उलझ गया है।

मृतक अब्दुल्ला थे अहम गवाह

मिली जानकारी के मुताबिक, अंधेरी इलाके में मोबाइल एक्सेसरीज का कारोबार करने वाले अब्दुल्ला डोकाडिया (44) एक आपराधिक मामले के प्रमुख और एकमात्र गवाह थे। इसलिए पुलिस इस पूरे मामले को उस केस से जोड़कर भी जांच कर रही है। पुलिस इस एंगल से भी जांच कर रही है कि कहीं मामले को खत्म करने के मकसद से तो कोई साजिश नहीं रची गई।

मेकअप आर्टिस्ट, बिल्डर और 25 लाख का कनेक्शन

इस पूरे मामले की जड़ें साल 2019 के एक विवाद से जुड़ी हैं। जांच में सामने आया है कि मृतक अब्दुल्ला डोकाडिया एक हाई-प्रोफाइल धोखाधड़ी और शारीरिक शोषण के मामले में इकलौते गवाह थे, जिसके कारण अब इस पूरी घटना के पीछे किसी सोची-समझी साजिश का शक गहरा गया है।

बताया जा रहा है कि जिस मामले में अब्दुल्ला गवाह थे, उसमें शिकायतकर्ता महिला हामिदा शेख और आरोपी बिल्डर आफताब आपस में पति-पत्नी हैं। दोनों के बीच आर्थिक और पारिवारिक विवाद का केस चल रहा है।

हामिदा शेख अमेरिका में मेकअप आर्टिस्ट के तौर पर काम करती थीं, उसकी मुलाकात आफताब से फेसबुक के जरिए हुई थी। आफताब पहले से शादीशुदा था, लेकिन उसने अपनी पहली पत्नी को तलाक देकर 2020 में हामिदा से शादी कर ली। हामिदा भी अमेरिका में अपना जमा-जमाया व्यवसाय छोड़कर आफताब के साथ रहने के लिए भारत आ गई। लेकिन उनके रिश्ते में जल्द ही कड़वाहट आ गई।

हामिदा का आरोप है कि आफताब ने व्यवसाय के नाम पर उनसे 50 लाख रुपये मांगे थे, जिसमें से 25 लाख रुपये उन्होंने दिए। खास बात यह है कि यह रकम लेने के लिए आफताब ने अब्दुल्ला डोकाडिया (मृतक) को हामिदा के पास भेजा था। इसी वजह से इस मामले में अब्दुल्ला ही सबसे अहम और इकलौते गवाह थे।   

शादी के कुछ समय बाद ही दोनों के रिश्ते में तनाव बढ़ने लगा। हामिदा ने 2023 में आफताब पर धोखाधड़ी के साथ-साथ अनैसर्गिक शारीरिक अत्याचार जैसे गंभीर आरोप लगाए। हामिदा की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया और जांच चल रही थी। इस बीच, अचानक अब्दुल्ला डोकाडिया (44), उनकी पत्नी नसरीन (35) और दो बेटियां आयशा (16) व जैनब (12) की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। जिस वजह से कई सवाल उठ रहे हैं।

क्या दोनों मामलों का है कनेक्शन?

इसी बीच, इस केस के प्रमुख गवाह अब्दुल्ला डोकाडिया और उनके परिवार के अन्य सदस्यों की संदिग्ध मौत ने पूरे मामले को और पेचीदा बना दिया है। अब सवाल उठ रहा है कि क्या यह सिर्फ एक संयोग है या फिर किसी बड़ी साजिश का हिस्सा? पुलिस फिलहाल दोनों मामलों के बीच संभावित संबंधों की गहराई से जांच कर रही है।

टॉक्सिकोलॉजी रिपोर्ट से खुलेगा राज!

इस बीच, जांच अधिकारियों ने कहा कि वे डोकाडिया परिवार की मौत मामले की हर एंगल से जांच कर रहे हैं, लेकिन अभी तक कोई संदिग्ध बात सामने नहीं आई है, जिससे किसी ठोस नतीजे पर पहुंचा जा सके। कलीना फॉरेंसिक लैब, एफडीए और जेजे अस्पताल की विस्तृत रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। टॉक्सिकोलॉजी रिपोर्ट भी अभी आना बाकी है, जिससे यह स्पष्ट होगा कि पीड़ितों ने क्या किसी प्रकार के जहर का सेवन किया था और अगर किया था, तो उसका समय क्या था।

Published on:
03 May 2026 06:46 pm