मनपा अस्पताल ( Manpa Hospital ) में मोटापे की सर्जरी, 16 साल की लड़की की बेरियाट्रिक सर्जरी ( Bariatric Surgery ), 7 किलो कम हुआ वजन, वेटलिफ्टिंग ( Weightlifting ) में पदक जरूर जीती, मगर चलने-फिरने ( Walking ) में हो रही थी दिक्कत ( trouble ), लड़की को बेरियाट्रिक सर्जरी कराने की सलाह डॉक्टरों की ओर से दी गई
मुंबई. पिछले कुछ साल मोटापे की समस्या बढ़ती जा रही है। अभी तक मोटापे का इलाज निजी अस्पतालों में ही किया जाता रहा है। हाल ही में मनपा अस्पताल में भी मोटापे का इलाज किया गया। सामान्य से बहुत ज्यादा वजन वाली लड़की के वजन को कम करने के लिए पहले वेटलिफ्टिंग आजमाई गई। पीडि़त लड़की ने राज्य स्तर पर एक पदक भी हासिल किया। इसके बावजूद उसका वजन कम नहीं हुआ। आखिरकार उस लड़की को बेरियाट्रिक सर्जरी कराने की सलाह डॉक्टरों की ओर से दी गई। इलाज के महंगे खर्च को वहन करने में असमर्थ लड़की ने मुंबई के सायन अस्पताल में बेरियाट्रिक सर्जरी कराई और उसका वजन सात किलो कम हो गया।
142 किलो की थी एनी
मोटापे की शिकार लड़की का नाम एनी जैसन है, जिसका वजन 142 किलो तक पहुंच गया था। उसे चलने-फिरने में भी परेशानी होती थी। इसके बाद परिजनों ने बीएमसी संचालित सायन हॉस्पिटल में एनी की बेरियाट्रिक सर्जरी कराने का फैसला किया। एनी का वजन सात किलो कम हो चुका है। फिलहाल नायर अस्पताल में एनी का इलाज किया जा रहा है।
लाभ उठा सकते हैं मरीज
सरकारी अस्पतालों में इस तरह की सर्जरी का खर्च प्राइवेट हॉस्पिटल की तुलना में बहुत कम आता है। बीएमसी और सरकारी अस्पतालों की सुविधा का लाभ मोटापे से पीडि़त मरीज उठा सकते हैं।
रमेश भारमल, डीन, नायर अस्पताल