मुंबई

Third Mumbai: ‘तीसरी मुंबई’ से मराठियों का भला नहीं, बाहरी लोग आएंगे- राज ठाकरे का सरकार पर निशाना

Raj Thackeray On Third Mumbai: महाराष्ट्र के रायगढ़ में प्रस्तावित तीसरी मुंबई परियोजना पर मनसे प्रमुख राज ठाकरे ने सवाल उठाया है। उन्होंने भाजपा नीत महायुति सरकार से स्थानीय लोगों के परियोजना से लाभ और रोजगार को लेकर सवाल पूछा है। इस पर उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने जवाब दिया है।
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Aug 10, 2026
Raj Thackeray On Third Mumbai marathi
'तीसरी मुंबई' प्रोजेक्ट पर राज ठाकरे ने उठाये सवाल, शिंदे ने दिया जवाब (Photo: IANS/AI image)

Third Mumbai Project: महाराष्ट्र के रायगढ़ जिले के पेन क्षेत्र के पास प्रस्तावित ‘तीसरी मुंबई’ परियोजना को लेकर महाराष्ट्र की सियासत गरमा गई है। महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) प्रमुख राज ठाकरे ने इस परियोजना को लेकर राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए सवाल उठाया है कि आखिर इसका लाभ रायगढ़ के स्थानीय मराठी लोगों को कितना मिलेगा। वहीं, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने ठाकरे के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि ‘तीसरी मुंबई’ को अंतरराष्ट्रीय स्तर के विकास और आर्थिक केंद्र के रूप में तैयार करने की योजना है।

राज ठाकरे रविवार को मुंबई-गोवा राजमार्ग के निरीक्षण के लिए रायगढ़ पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने ‘तीसरी मुंबई’ परियोजना को लेकर सरकार की विकास नीति पर सवाल उठाए। उन्होंने पूछा कि यह परियोजना आखिर किसके हित में लाई जा रही है और इसमें स्थानीय लोगों के लिए क्या व्यवस्था की गई है। या इसमें दूसरे राज्यों के लोग आकर बसेंगे और फायदा उठाएंगे।

राज ठाकरे ने कहा की महाराष्ट्र के युवक-युवतियों को तीसरी मुंबई में काम करने के लिए तैयार नहीं किया जा रहा, बल्कि अन्य राज्य ऐसा कर रहे हैं। इसलिए तीसरी मुंबई के बनने के बाद बाहरी राज्यों के युवक-युवतियां रोजगार के लिए आएंगे और यही रहने लगेंगे। जबकि स्थानीय मराठियों का हाथ खाली ही रहेगा। जैसा पुणे में आज हो रहा है।

‘स्थानीय युवाओं को रोजगार देने की तैयारी है?’

राज ठाकरे ने कहा कि यदि ‘तीसरी मुंबई’ में शिक्षा नगरी, मेडिकल सिटी, खेल नगरी, डेटा सेंटर, शोध संस्थान, व्यावसायिक केंद्र, अंतरराष्ट्रीय विश्वविद्यालय और दुनिया की बड़ी तकनीकी कंपनियां एवं सेवा क्षेत्र आने वाले हैं, तो सरकार को यह भी बताना चाहिए कि रायगढ़ के स्थानीय युवाओं को इन क्षेत्रों में रोजगार के लिए आवश्यक कौशल देने की क्या तैयारी की गई है।

उन्होंने कहा कि कोंकण क्षेत्र में इससे पहले भी कई बड़ी विकास परियोजनाएं आई हैं। लेकिन इन परियोजनाओं से स्थानीय लोगों को वास्तव में कितना लाभ मिला और कोंकण के कितने युवाओं को रोजगार मिला, इसका हिसाब सरकार को देना चाहिए।

‘किसानों की जमीन चली गई तो वे सिर्फ...’

राज ठाकरे ने किसानों की जमीन के मुद्दे पर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि विकास परियोजना के लिए किसानों की जमीन अधिग्रहित होने के बाद ऐसी स्थिति नहीं बननी चाहिए कि किसान केवल ‘पूर्व जमीन मालिक’ बनकर रह जाएं और उनकी आंखों के सामने उसी जमीन पर ‘तीसरी मुंबई’ खड़ी हो जाए।

उन्होंने स्थानीय लोगों से अपनी जमीन और भविष्य को लेकर सतर्क रहने की अपील की। राज ठाकरे ने कहा कि जमीन और विकास के इस पूरे मामले को स्थानीय लोगों को गंभीरता से समझना चाहिए, ताकि आने वाले समय में उन्हें अपने ही क्षेत्र में विकास का लाभ लेने के लिए संघर्ष न करना पड़े।

एकनाथ शिंदे बोले- ‘तीसरी मुंबई’ का पूरा खाका तैयार

राज ठाकरे के आरोपों पर उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने पलटवार किया है। उन्होंने सरकार के पास विकास का कोई प्लानिंग नहीं होने के आरोप को खारिज कर दिया। नई दिल्ली में ‘सिंदूर महा रक्तदान यात्रा’ के बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए एकनाथ शिंदे ने कहा कि ‘तीसरी मुंबई’ में कई बड़े विकास कार्य और परियोजनाएं पहले से तय हैं।

शिंदे के मुताबिक, इस क्षेत्र में नया एयरपोर्हट, एयरो सिटी, मेडिकल सिटी और बड़े स्तर पर विकास केंद्र तैयार किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि ‘तीसरी मुंबई’ का विकास बेहद व्यवस्थित तरीके से किया जा रहा है और इसके लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर की योजना तैयार की गई है।

सरकार की योजना के अनुसार, ‘तीसरी मुंबई’ को सिर्फ एक नई शहरी बस्ती के तौर पर विकसित करने के बजाय इसे भविष्य के एक बड़े आर्थिक और व्यावसायिक केंद्र के रूप में तैयार किया जा रहा है। एयरो सिटी, मेडिकल सिटी और विकास केंद्रों के जरिए विमानन, स्वास्थ्य, उद्योग, सेवा क्षेत्र और बुनियादी ढांचे को बढ़ावा देने की योजना है। इन परियोजनाओं से बड़ी संख्या में रोजगार के अवसर पैदा होंगे और स्थानीय मराठी युवाओं को इसका सीधा लाभ मिलेगा।

Updated on:
10 Aug 2026 09:33 am
Published on:
10 Aug 2026 09:10 am