मॉर्गन स्टेनली के विश्लेषकों ने 35 प्रमुख यूरोपीय बैंकों का अध्ययन किया, जहां कुल 2.12 मिलियन कर्मचारी कार्यरत हैं। रिपोर्ट अनुमान लगाती है कि उद्योग अपनी वर्कफोर्स का 10% (लगभग 2,12,000 नौकरियां) कम कर सकता है।
Morgan Stanley: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के बढ़ते उपयोग से यूरोपीय बैंकिंग सेक्टर में बड़ा उलटफेर होने वाला है। मॉर्गन स्टेनली की ताजा रिपोर्ट के अनुसार, 2030 तक यूरोप के बैंकों में 2 लाख से अधिक नौकरियां खत्म हो सकती हैं। फाइनेंशियल टाइम्स में प्रकाशित इस विश्लेषण में कहा गया है कि डिजिटलीकरण और एआई से दक्षता बढ़ने के कारण बैंक अपनी शाखाएं बंद कर रहे हैं और कर्मचारियों की संख्या घटा रहे हैं।
मॉर्गन स्टेनली के विश्लेषकों ने 35 प्रमुख यूरोपीय बैंकों का अध्ययन किया, जहां कुल 2.12 मिलियन कर्मचारी कार्यरत हैं। रिपोर्ट अनुमान लगाती है कि उद्योग अपनी वर्कफोर्स का 10% (लगभग 2,12,000 नौकरियां) कम कर सकता है। ये छंटनी मुख्य रूप से बैक ऑफिस, मिडिल ऑफिस, जोखिम प्रबंधन और अनुपालन (कंप्लायंस) विभागों में होंगी, जहां एआई कार्यों को तेजी से संभाल सकता है।
रिपोर्ट में कहा गया है कि कई बैंक एआई और डिजिटलीकरण से 30% तक दक्षता वृद्धि का दावा कर रहे हैं। निवेशकों का दबाव है कि बैंक लागत घटाएं और इक्विटी पर रिटर्न बढ़ाएं, क्योंकि यूरोपीय बैंक अमेरिकी प्रतिद्वंद्वियों से पीछे हैं। फ्रांस और जर्मनी जैसे देशों में लागत-से-आय अनुपात अभी भी ऊंचा है, जिसे एआई सुधार सकता है।
कई बैंक पहले से एआई को आधार बनाकर पुनर्गठन कर रहे हैं। डच बैंक एबीएन एमरो ने 2028 तक अपनी वर्कफोर्स का पांचवां हिस्सा घटाने की योजना घोषित की है। सोसिएटे जेनरल के सीईओ स्लावोमिर क्रूपा ने कहा कि लागत कटौती में "कुछ भी पवित्र नहीं है"। यूबीएस एआई का प्रयोग कर अपने एनालिस्ट्स को अवतार में बदलकर क्लाइंट्स को वीडियो ब्रीफिंग दे रहा है।
एआई के उत्साह के बीच कुछ बैंकर सतर्कता बरतने की बात कह रहे हैं। जेपी मॉर्गन चेस के यूरोप सह-सीईओ कॉनर हिलरी ने चेतावनी दी कि एआई अपनाने की जल्दबाजी में बेसिक स्किल्स और ट्रेनिंग को नजरअंदाज न किया जाए, वरना भविष्य में बड़ी समस्या खड़ी हो सकती है। वे जूनियर कर्मचारियों को कैश फ्लो मॉडलिंग जैसे मूल कार्यों में प्रशिक्षित करने पर जोर दे रहे हैं।
यह रिपोर्ट वैश्विक बैंकिंग में एआई के बदलाव को रेखांकित करती है, जहां दक्षता बढ़ेगी लेकिन नौकरी बाजार पर असर पड़ेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि नए एआई-संबंधित रोल्स बनेंगे, लेकिन ट्रांजिशन चुनौतीपूर्ण होगा।