
Rana Balachauri Killed: मोहाली में कबड्डी खिलाड़ी राणा बलाचौरिया की गोली मारकर हत्या कर दी गई। हत्या की जिम्मेदारी बंबीहा गैंग ने ली है। अब घटना से जुड़ा एक वीडियो तेजी से सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक कंवर दिग्विजय सिंह ऊर्फ राणा बलाचौरिया ने 30 वर्षीय खिलाड़ी ने मोहाली के सेक्टर 82 में एक कबड्डी टूर्नामेंट का आयोजन किया था। इस मैच में वह भी खेल रहा था। तभी कुछ बदमाश आए और सेल्फी खिंचवाने के बहाने उन पर फायरिंग कर दी।
बंबीहा गैंग ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर हत्या की जिम्मेदारी ली है। गैंग ने लिखा कि मोहाली में जो राणा बलाचौरिया का कत्ल हुआ। उसकी जिम्मेदारी डोनीबल, शगनप्रीत, मोहब्बत रंधावा, अमर खब्बे, प्रभदासुवाल और कौशल चौधरी लेते हैं। राणा हमारे एंटी जग्गू और लॉरेंस के साथ दोस्ती रखता था। इसने सिद्धू मूसेवाला के कातिल को रहने के लिए जगह दिलवाई थी और खुद उन्हें संभाला था। आज राणा को मारकर हमने अपने भाई सिद्धू मूसेवाला की हत्या का बदला लिया। यह काम हमारे भाई मक्खन अमृतसर और डिफॉल्टर करण ने किया है।
गैंग के बदमाशों ने आगे कहा कि आज से सभी खिलाड़ियों और उनके माता पिता से एक विनती है कि कोई भी जग्गू और हैरी की टीम में न खेले, नहीं तो उन खिलाड़ियों का भी यही अंजाम होगा। बदमाशों ने कहा कि हमें कबड्डी से कोई एलर्जी नहीं। बस जग्गू और हैरी की कबड्डी में कोई दखल अंदाजी नहीं चाहिए। वेट एंड वॉच।
इस पर अब पंजाब की सियासत भी गरमा गई है। कांग्रेस नेता और हॉकी के दिग्गज खिलाड़ी परगट सिंह ने X पर वीडियो शेयर किया है। परगट सिंह ने लिखा कि पंजाब की कानून व्यवस्था बहुत खराब हो गई है। एक सार्वजनिक कार्यक्रम में गोलियों की आवाज राज्य में पुलिस का इकबाल नियंत्रण खोने का संकेत है। बीजेपी ने भी अपने X हैंडल पर वही क्लिप शेयर करते हुए कानून व्यवस्था के पूरी तरह से चरमराने का दावा किया।
भाजपा ने कहा कि पहले भी कबड्डी खिलाड़ियों की हत्याओं के साथ एक स्पष्ट पैटर्न दिख रहा है। बीजेपी ने संदीप नंगल अंबियान और तेजपाल सिंह पर हुए हमलों का हवाला देते हुए कहा कि खिलाड़ी आसान निशाना बन रहे हैं। भगवंत मान के अक्षम नेतृत्व और अरविंद केजरीवाल के दिल्ली से रिमोट-कंट्रोल शासन के तहत, पंजाब की कानून व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई है।
कबड्डी मैच देख रहे लोगों ने पुलिस को बताया कि पुरुषों का एक समूह महिंद्रा बोलेरो गाड़ी में कार्यक्रम स्थल पर आया और उस समय मैदान में खेल रही टीमों पर गोलियां चलाईं और भाग गए। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, शुरुआती जांच में यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि फायरिंग के पीछे की वजह क्या थी। यह भी जांच की जा रही है कि हमला किसी व्यक्तिगत रंजिश का नतीजा था या फिर किसी अन्य आपराधिक साजिश से जुड़ा है। SSP हरमनदीप सिंह हंस ने बताया कि आरोपियों की तलाश के लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं और जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।