
Delhi electricity tariff: दिल्ली में बिजली दरों में बढ़ोतरी को लेकर आम आदमी पार्टी (AAP) ने दिल्ली सरकार और केंद्र सरकार दोनों पर तीखा हमला बोला है। AAP नेता सौरभ भारद्वाज ने कहा कि लगातार बढ़ती महंगाई और जरूरी सेवाओं के महंगे होने से राजधानी में मिडिल क्लास के लिए रहना मुश्किल होता जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि अब बिजली की कीमतों में बढ़ोतरी ने आम लोगों की परेशानियां और बढ़ा दी हैं।
सौरभ भारद्वाज ने मीडिया बातचीत के दौरान कहा कि केंद्र सरकार ने पेट्रोल, डीजल, कुकिंग गैस, हर चीज के दाम बढ़ा दिए हैं। ऐसे में दिल्ली सरकार को भी शायद लगा होगा कि हम पीछे क्यों रहें इसलिए उन्होंने बिजली की दरें भी बढ़ा दी। अब दिल्ली में मिडिल क्लास के लिए रहना लगातार मुश्किल होता जा रहा है। स्कूल फीस लगभग दोगुनी हो रही है, बिजली की कीमतें बढ़ा दी गई हैं और मकान तोड़े जा रहे हैं। ऐसे हालात में कोई दिल्ली में कैसे रह सकता है।
AAP नेता ने कहा कि आम आदमी पहले से ही महंगाई की मार झेल रहा है और अब बिजली बिल बढ़ने से घरेलू बजट पर अतिरिक्त दबाव पड़ेगा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकारें आम लोगों को राहत देने के बजाय उन पर आर्थिक बोझ बढ़ा रही हैं। भारद्वाज ने कहा कि दिल्ली में शिक्षा, बिजली और आवास जैसे बुनियादी मुद्दे अब लोगों के लिए चिंता का कारण बनते जा रहे हैं।
सौरभ भारद्वाज ने आगे कहा कि मिडिल क्लास और नौकरीपेशा परिवार सबसे ज्यादा प्रभावित हो रहे हैं। उनके मुताबिक, रोजमर्रा की जरूरतों का खर्च तेजी से बढ़ रहा है जबकि आमदनी उसी अनुपात में नहीं बढ़ रही। ऐसे में बिजली दरों में किसी भी तरह की बढ़ोतरी सीधे लोगों की जेब पर असर डालती है। AAP का कहना है कि सरकार को आम जनता को राहत देने के लिए कदम उठाने चाहिए, न कि नए आर्थिक बोझ डालने चाहिए।
दरअसल, दिल्ली बिजली विनियामक आयोग (DERC) ने शुक्रवार को बिजली वितरण कंपनियों को फ्यूल एंड पावर परचेज एडजस्टमेंट सरचार्ज (FPPAS) बढ़ाने की अनुमति दी है। यह वह अतिरिक्त शुल्क होता है जिसके जरिए कंपनियां बिजली खरीद लागत में अचानक हुई बढ़ोतरी की भरपाई करती हैं। अप्रैल 2026 के लिए इस सरचार्ज की सीमा बढ़ाई गई है। पूर्वी और मध्य दिल्ली में बीएसईएस यमुना पावर लिमिटेड (BYPL) क्षेत्र के उपभोक्ताओं पर इसका सबसे ज्यादा असर पड़ सकता है। वहीं बीएसईएस राजधानी (BRPL) क्षेत्रों में भी बिल में हल्की बढ़ोतरी संभव है, जबकि टाटा पावर दिल्ली डिस्ट्रीब्यूशन लिमिटेड (TPDDL) क्षेत्र में असर बेहद मामूली रहने की संभावना जताई गई है। हालांकि दिल्ली सरकार की बिजली सब्सिडी पाने वाले उपभोक्ताओं पर इसका असर नहीं होने की बात कही गई है।