
कॉकरोच जनता पार्टी के फाउंडर अभिजीत दीपके (Cockroach Janata Party Founder Abhijit Dipke) ने रविवार को कहा कि नीट परीक्षाओं और भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ियों को लेकर पार्टी का आंदोलन तब तक जारी रहेगा, जब तक केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा नहीं दे देते। उन्होंने कहा कि 6 जून, शनिवार को नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर CJP के बैनर तले हुए विरोध प्रदर्शन में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।
दीपके ने कहा कि हमने जो विरोध प्रदर्शन किया। वह सफल रहा, क्योंकि इसमें 6 से 7 हजार लोग शामिल हुए। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन देश भर में फैलेगा। जब तक धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा नहीं दे देते, हम पीछे नहीं हटेंगे। उन्होंने कहा कि हमारा यह ऑनलाइन आंदोलन, NEET, CBSE, CUET और SSC जैसी परीक्षाओं और भर्ती टेस्ट में गड़बड़ियों के लिए जवाबदेही की मांग कर रहा है।
दीपके आज महाराष्ट्र के संभाजी नगर स्थित अपने घर पहुंचे। जहां उनके परिजनों ने उनका स्वागत किया। महाराष्ट्र पुलिस ने कहा कि अभिजीत दीपके के घर की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। MIDC वालुज पुलिस स्टेशन के एक अधिकारी ने कहा कि हमने आज से उनके घर पर सुरक्षा बढ़ा दी है। पहले 11 सुरक्षाकर्मी तैनात थे, अब यह संख्या 15 हो गई है। तैनात किए गए कर्मचारी स्थानीय पुलिस स्टेशन और शहर के पुलिस मुख्यालय से हैं।
मालूम हो कि 6 जून को परीक्षाओं और भर्ती टेस्ट में कथित गड़बड़ियों को लेकर प्रधान के इस्तीफे की मांग करते हुए सैकड़ों प्रदर्शनकारी जंतर-मंतर पर जमा हुए। अभिजीत दीपके भी शनिवार सुबह अमेरिका से दिल्ली पहुंचे थे। अभिषेक ने दिल्ली एयरपोर्ट से बाहर निकलकर बी.आर. अंबेडकर की आत्मकथा की एक प्रति लहराई। इसके साथ ही, दिल्ली पुलिस से विरोध प्रदर्शन की अनुमति मिलने के बाद लोगों को संबोधित किया।
प्रदर्शनकारी मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग वाले पोस्टर लिए हुए थे। कई लोग कॉकरोच के मास्क पहने हुए थे। प्रदर्शनकारियों ने "हिंदू-मुस्लिम" राजनीति के खिलाफ नारे भी लगाए और भारत माता की जय के नारे भी लगाए। राजधानी में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में, CJP के प्रवक्ताओं ने कहा कि वे केंद्र सरकार द्वारा प्रधान को हटाए जाने या मंत्री के खुद इस्तीफा देने का एक एक तक इंतजार करेंगे। ऐसा न होने पर आंदोलन को पूरे देश में फैलाया जाएगा। जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक, CPI(ML) लिबरेशन के महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य, CPI नेता एनी राजा और वामपंथी छात्र व युवा संगठनों के कार्यकर्ताओं ने भी इस विरोध प्रदर्शन में हिस्सा लिया।