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Shiv Sena Crisis: ‘वे बीजेपी और शिंदे गुट में शामिल हो सकते हैं’, सांसद-विधायकों के बगावत पर आदित्य ठाकरे का बयान

Shiv Sena Ubt Crisis: अयोध्या राम मंदिर और उज्जैन जमीन घोटाले पर आदित्य ठाकरे का तीखा हमला। कहा - जो इन लूट को सहन करे वो BJP और शिंदे गुट जॉइन कर ले।
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Jul 01, 2026
Operation Tiger Maharashtra
उद्धव ठाकरे और आदित्य ठाकरे (Photo: IANS/File)

शिवसेना (यूबीटी) में बगावतके बाद उद्धव ठाकरे और उनके बेटे आदित्य ठाकरे को बड़ा झटका लगा है। इसको लेकर आदित्य ठाकरे ने एक बार फिर भाजपा और शिंदे गुट पर जमकर निशाना साधा है।

आदित्य ने कहा कि रामलला के मंदिर से जुड़े भ्रष्टाचार और उज्जैन जमीन घोटाले को सहन करने वाले लोग भाजपा में जा सकते हैं। ठाकरे का आरोप है कि आज हिंदुत्व के खिलाफ खड़े लोग ही भाजपा के साथ जुड़ रहे हैं।

राम मंदिर को लेकर चौंकाने वाला आरोप

आदित्य ठाकरे ने साफ कहा- क्या कभी किसी ने सोचा था कि रामलला के मंदिर में भी भ्रष्टाचार होगा? लेकिन भाजपा और आरएसएस द्वारा नियुक्त लोगों ने इसमें गड़बड़ी की है।

उन्होंने इसे भाजपा की 'लूट' बताया। ठाकरे ने कहा- जो लोग इन मुद्दों पर चुप रहते हैं या उन्हें ठीक मानते हैं, वे भाजपा या शिंदे गुट में शामिल हो सकते हैं।उन्होंने कहा कि असली हिंदुत्व विरोधी आज भाजपा के साथ खड़े दिख रहे हैं।

उज्जैन घोटाले का जिक्र

आदित्य ने उज्जैन के कथित जमीन घोटाले का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि भाजपा अब हिंदुत्व की आड़ में दूसरी चीजें कर रही है। ठाकरे ने युवाओं और आम लोगों से अपील की कि वे सच्चाई समझें और सही पक्ष चुनें।

ठाकरे ने दावा किया कि असली हिंदू विरोधी आज भाजपा और उसके सहयोगियों के साथ हैं। उन्होंने कहा- जो हिंदुत्व के खिलाफ हैं, वे भाजपा जॉइन कर रहे हैं। यह बयान महाराष्ट्र की सियासत में नया तूफान ला सकता है।

मुंबई की बारिश को लेकर भी बयान

आदित्य ठाकरे मुंबई की भारी बारिश को लेकर भी बयान दिया। उन्होंने कहा- ऐसा नहीं है कि मुंबई में पहली बार भारी बारिश हुई है। लेकिन कई सालों में पहली बार बीएमसी का प्रशासन ऐसा है जिसे मुंबई की कोई परवाह नहीं है।

उन्होंने कहा- हमारे मेयर का ज्यादा ध्यान अभी इस बात पर है कि ढाका और बांग्लादेश में क्या हो रहा है। यह दुर्भाग्यपूर्ण है। हमने बार-बार अपने अनुभव साझा किए हैं और बताया है कि सड़क का काम कैसे होना चाहिए, सुरक्षा के उपाय कैसे लागू किए जाने चाहिए और कल जैसी घटनाओं को कैसे रोका जा सकता है। लेकिन उनका पूरा ध्यान राजनीति और ध्रुवीकरण पर है।

Updated on:
01 Jul 2026 03:46 pm
Published on:
01 Jul 2026 03:41 pm