
Special Intensive Revision: कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी का बंगाल चुनाव से पहले PM मोदी से मिलना एक चौंका देने वाली घटना है। बता दें कि अधीर रंजन चौधरी PM नरेंद्र मोदी की कड़ी आलोचना करने के लिए जाने जाते हैं। हालांकि उन्होंने PM आवास पर PM मोदी से मुलाकात करके कई अहम मुद्दों पर चर्चा की है।
कई मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने मंगलवार को नई दिल्ली स्थित प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आधिकारिक आवास पर उनसे मुलाकात की। अगले साल मार्च-अप्रैल में होने वाले बंगाल विधानसभा चुनावों से पहले इस मुलाकात का विशेष महत्व है।
कांग्रेस नेता का PM मोदी से मिलना एक सामान्य घटना नहीं है। उन्होंने बंगाल चुनाव से पहले PM मोदी से मिलकर राजनीतिक गलियारों में चुनावी चर्चा को हवा देने का काम किया है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, अधीर रंजन चौधरी ने PM नरेंद्र मोदी से मिलकर मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन (SIR) पर विशेष चर्चा की है। साथ ही उन्होंने बंगाली भाषी लोगों के खिलाफ कई राज्यों में हो रही हिंसा का मुद्दा भी उठाया। बता दें कि कई राज्यों में बंगाली भाषी लोगों के खिलाफ बांग्लादेशी होने के शक में हिंसा की कुछ घटनाएं सामने आई हैं।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, कांग्रेस नेता ने बंगाल की मौजूदा राजनीतिक स्थिति पर भी चर्चा की है। बता दें कि पश्चिम बंगाल में चुनाव आयोग द्वारा विशेष गहन संशोधन (SIR) के तहत मतदाता सूची का मसौदा जारी किया जा चुका है। इसके बाद राज्य में कई विरोध प्रदर्शन हुए हैं, जिनमें से अधिकांश का नेतृत्व सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस ने किया है। साथ ही सोमवार को तृणमूल के विधायक ने SIR पर चल रही सुनवाई को भी बलपूर्वक रोक दिया था।
कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी से पहले प्रियंका गांधी भी PM मोदी से मुलाकात कर चुकी हैं। प्रियंका गांधी ने संसद के शीतकालीन सत्र के आखिरी दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की थी। इस चर्चा में अन्य सांसद भी मौजूद थे। इस चर्चा का आयोजन लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने संसद भवन के अपने चेंबर में किया था। इस मीटिंग में पार्टी के नेता और लोकसभा सांसद मौजूद रहे।
साथ ही प्रियंका गांधी ने संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी से भी मुलाकात की थी। बता दें कि प्रियंका ने गडकरी से मिलने के लिए संसद की कार्यवाही के दौरान ही समय मांगा था। उन्हें गडकरी से मिलकर अपने कार्यक्षेत्र के विषय में चर्चा करनी थी।