
Delhi Jantar Mantar Protest Update: नई दिल्ली। इंटरनेट पर 'अमेरिका क्या कहता था?' डायलॉग से रातों-रात मशहूर हुए गौतम सिंह एक बार फिर सुर्खियों में हैं। इस बार वे किसी मीम की वजह से नहीं, बल्कि नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर नीट-यूजी (NEET-UG) 2026 पेपर लीक और धांधली के खिलाफ जारी छात्रों के प्रदर्शन में नजर आए हैं। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) द्वारा आयोजित इस विरोध प्रदर्शन में शामिल होकर 21 वर्षीय गौतम सिंह ने छात्रों की मांगों का समर्थन किया।
सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर गौतम सिंह ने जंतर-मंतर से अपने कई वीडियो शेयर किए। उन्होंने बताया कि वे लगातार रविवार और सोमवार दोनों दिन प्रदर्शन स्थल पर मौजूद रहे। अपने मजाकिया अंदाज में गौतम ने कहा कि हम कल भी यहां थे और आज भी यहीं हैं। अब तो अमेरिका भी शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहा है। जब यूजर्स ने सोशल मीडिया पर उनकी मौजूदगी को लेकर सवाल उठाए, तो गौतम ने जवाब देते हुए लिखा- 'मेरे लिए मेरा देश सबसे पहले आता है।'
दूसरी ओर, सोमवार को 'संसद चलो' मार्च के दौरान प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच झड़प देखने को मिली। हजारों की संख्या में पहुंचे छात्र और सीजेपी कार्यकर्ताओं ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर संसद की तरफ बढ़ने की कोशिश की, जिन्हें रोकने के लिए पुलिस ने बैरिकेडिंग कर रखी थी। सोमवार को हुई झड़प के बाद पुलिस ने जंतर-मंतर से टेंट और मंच हटा दिए थे, लेकिन मंगलवार सुबह से प्रदर्शनकारी दोबारा जंतर-मंतर पर जुटने लगे हैं। माहौल को देखते हुए इलाके में भारी संख्या में दिल्ली पुलिस और आरएएफ (RAF) के जवान तैनात किए गए हैं।
वहीं, दिल्ली में संसद मार्च के दौरान हुई हिंसा के मामले में अब तक 5 एफआईआर दर्ज की गई हैं। पुलिस का कहना है कि वीडियो फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान की जा रही है। पुलिस के मुताबिक, संसद मार्ग और कनॉट प्लेस थानों में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। आर्म्स एक्ट के तहत भी एफआईआर दर्ज की गई है। इनमें दंगा करने, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने, सरकारी कर्मचारियों के काम में बाधा डालने, पुलिसकर्मियों पर हमला करने, तोड़फोड़ और हिंसा जैसे आरोप शामिल हैं।