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Explainer: आखिर क्यों PM मोदी ने कहा- कम करें पेट्रोल-डीजल खर्च, WFH अपनाएं और रोक दें गोल्ड खरीद?

PM Narendra Modi: पश्चिम एशिया संकट और तेल सप्लाई पर बढ़ते खतरे के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों से वर्क फ्रॉम होम अपनाने, ईंधन की बचत करने, विदेश यात्राएं घटाने और एक साल तक सोना नहीं खरीदने की अपील की है।

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May 11, 2026
PM नरेंद्र मोदी ने देशवासियों से की अपील (Photo-IANS)

Narendra Modi Work From Home Appeal: पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच पीएम नरेंद्र मोदी ने रविवार को देशवासियों से राष्ट्रहित पहले की अपील की है। अमेरिका-इजरायल और ईरान युद्ध के कारण स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद होने के कारण पूरी दुनिया में तेल की सप्लाई बाधित हो गई। यही कारण है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोगों से अपील की है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोगों से वर्क-फ्रॉम-होम अपनाने, ईंधन की खपत कम करने, विदेश यात्राएं घटाने और सोने की खरीदारी रोकने की अपील की है।

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पीएम मोदी ने क्या कहा?

तेलंगाना में रविवार को पीएम नरेंद्र मोदी ने एक कार्यक्रम को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि अमेरिका-ईरान युद्ध और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के आसपास जारी अस्थिरता के कारण पैदा हुई आर्थिक चुनौतियों से निपटने के लिए देशवासियों को राष्ट्रहित सर्वोपरि की भावना से कदम उठाना चाहिए।

पीएम मोदी ने लोगों से क्या-क्या की अपील

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों से सात अपील की है…

1- पेट्रोल और डीजल का सीमित उपयोग करें

2- शहरों में मेट्रो सेवाओं का ज्यादा इस्तेमाल करें

3- कार पूलिंग अपनाएं

4- इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) का अधिक उपयोग करें

5- पार्सल भेजने के लिए रेलवे सेवाओं का उपयोग करें

6- जहां संभव हो वर्क फ्रोम होम (Work From Home) अपनाएं

7- एक साल तक सोना खरीदने और विदेश यात्रा टालने पर विचार करें

WFH की क्यों पड़ रही है जरूरत?

दरअसल, कोविड के बाद पहली बार सरकार फिर से वर्क फ्रॉम होम मॉडल की बात कर रही है। इसकी सबसे बड़ी वजह है ईंधन की बचत। 

WFH से कैसे होगा फायदा?

यदि ऑफिस वर्क फ्रोम होम मॉडल को अपना लेते है तो कई फायदे होंगे, जिसमें रोज ऑफिस आने-जाने में लाखों लीटर पेट्रोल-डीजल खर्च होता है। WFH से ट्रैफिक और फ्यूल खपत दोनों घटेंगे। इसके अलावा ऑफिस कम खुलेंगे तो बिजली की खपत भी कम होगी। एयर कंडीशनर, लाइट और ऑफिस मशीनों पर खर्च घटेगा। 

अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी (IEA) के मुताबिक, अगर कर्मचारी सप्ताह में सिर्फ एक दिन भी घर से काम करें तो दुनिया भर में कार्बन उत्सर्जन और तेल खपत में बड़ी कमी आ सकती है।

एजेंसी (IEA) के अनुसार, हाल के हफ्तों में 70 से अधिक देशों ने ऊर्जा बचत के उपाय अपनाए हैं, जिनमें वर्क-फ्रॉम-होम और यात्रा कम करने को प्रोत्साहन देना शामिल है।

थाईलैंड, इंडोनेशिया, पाकिस्तान, बांग्लादेश और फिलीपींस जैसे देशों ने ईंधन की मांग कम करने के लिए वर्क-फ्रॉम-होम या दफ्तरों में कम उपस्थिति की नीतियां लागू की हैं। 

भारत 70 प्रतिशत तेल करता है आयात

भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा कच्चे तेल के आयात से पूरा करता है। भारत अपनी जरूरत का 70 फीसदी तेल आयात करता है। पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ने का सीधा असर भारत पर पड़ता है। 

सबसे बड़ी चिंता क्या है?

1. तेल महंगा होने का खतरा

अगर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में सप्लाई बाधित हुई तो कच्चे तेल की कीमतें तेजी से बढ़ सकती हैं।

2. सरकार पर बढ़ता आर्थिक बोझ

रिपोर्ट्स के मुताबिक, सरकार अभी रोज करीब 1600-1700 करोड़ रुपये का दबाव झेल रही है ताकि आम लोगों पर तेल महंगा होने का असर कम पड़े।

3. विदेशी मुद्रा भंडार पर असर

तेल और गोल्ड आयात में ज्यादा डॉलर खर्च होते हैं। पिछले कुछ हफ्तों में भारी विदेशी मुद्रा बाहर जाने की बात सामने आई है।

4. महंगाई बढ़ने का डर

यदि तेल महंगा हुआ तो महंगाई बढ़ जाएगी, क्योंकि ट्रांसपोर्ट महंगा होगा, सामान की कीमतें बढ़ेंगी, खाने-पीने की चीजें भी महंगी हो सकती हैं। 

पीएम ने क्यों की सोना नहीं खरीदने की अपील

पीएम नरेंद्र मोदी ने देशवासियों से सोना नहीं खरीदने की भी अपील की है। उन्होंने कहा कि हमें ये संकल्प लेना होगा कि अगले एक साल तक कोई भी कार्यक्रम हो, हम सोना नहीं खरीदेंगे। इससे विदेशी मुद्रा बची रहेगी। 

दरअसल, भारत दुनिया के सबसे बड़े गोल्ड आयातकों में शामिल है। सोना खरीदने में भारी मात्रा में डॉलर खर्च होते हैं।

अगर लोग कुछ समय तक गोल्ड खरीद कम करें तो डॉलर की बचत होगी. विदेशी मुद्रा भंडार पर दबाव घटेगा और रुपये को स्थिर रखने में मदद मिल सकती है। 

क्या आगे और सख्त कदम उठ सकते हैं?

हालांकि अभी पीएम नरेंद्र मोदी ने देशवासियों से अपील की है, यदि पश्चिम एशिया संकट और बढ़ता है, तो आगे सरकार इसको लेकर एडवाइजरी भी जारी कर सकती है। इसके अलावा ऑफिसों में सीमित उपस्थिति को लेकर भी आदेश निकाले जा सकते हैं। 

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Updated on:
11 May 2026 08:25 am
Published on:
11 May 2026 08:18 am
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