देशभर में कोरोना वायरस का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है। रोजाना आने वाले नए केसों में तेजी से बढ़ोतरी हो रही है। यही वजह है कि अब केंद्र से लेकर राज्य सरकारें एक बार फिर पाबंदियां बढ़ाने लगी हैं। इस बीच एक राहत की खबर सामने आई है। कोरोना की बढ़ती रफ्तार को देखते हुए सरकार एक अहम फैसला लेने पर विचार कर रही है।
भारत में कोरोना की बढ़ती रफ्तार ने हर किसी की चिंता बढ़ा दी है। चौथी लहर की आहट भी सुनाई देने लगी है। कई राज्यों में हालात चिंताजनक बने हुए हैं। यहां पॉजिटिविटी रेट डराने वाला है। यही वजह है कि खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ एक अहम बैठक भी की। इस बैठक में वैक्सीनेशन और टेस्टिंग पर जोर देने को कहा गया। कोरोना के बढ़ते खतरे के बीच एक राहत की खबर भी सामने आई है। दरअसल सरकार बूस्टर डोज की समय अवधि घटाने पर विचार कर रही है। ऐसा होता है जल्द ही बूस्टर डोज ज्यादा े ज्यादा लोगों को लगना शुरू हो जाएगी।
सरकार जल्द ही कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक और बूस्टर डोज के बीच के अंतराल को कम कर सकती है।मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक टीकाकरण पर राष्ट्रीय तकनीकी परामर्श समूह यानी NTAGI इस अंतराल को कम करने का पक्षधर है। इसकी सिफारिश वो जल्द ही सरकार से कर सकता है जिसपर 29 अप्रैल को बैठक होने वाली है।
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ICMR की रिसर्च के बाद बढ़ी संभावना
ICMR की हालिया रिपोर्ट में ये पता चला था कि प्रारंभिक टीकाकरण से करीब छह महीने बाद एंटीबॉडी का स्तर कम होने लगता है। ऐसे में आईसीएमआर ने जल्द बूस्टर डोज लगवाने की सलाह दी थी। दरअसल बूस्टर खुराक देने से प्रतिरोधक क्षमता बढ़ जाती है, यही वजह है कि जांच के आधार पर अब वैक्सीनेशन की दूसरी डोज और बूस्टर डोज के बीच का अंतर 9 महीने से घटा कर 6 महीने करने की पूरी संभावना है।
क्या कहते हैं एक्सपर्ट
कोरोना से जंग के बीच वैक्सीन के दूसरे डोज और बूस्टर डोज के बीच की अवधि कम करने को लेकर एक्सपर्ट भी सही मानते हैं। दिल्ली के LNJP अस्पताल के एमडी डॉ सुरेश कुमार के मुताबिक कोरोना वैक्सीन की एहतियाती खुराक यानी बूस्टर डोज शरीर के इम्यूनिटी को बढ़ावा देने में मददगार होगी।
बता दें कि देश में ज्यादा से ज्यादा लोगों को वैक्सीन को दोनों खुराक लग चुकी हैं। यही वजह है कि दुनियाभर में फैले ओमिक्रॉन और उसके सब वैरिएंट का भारत में ज्यादा असर नहीं देखने को मिला है। तीसरी लहर भी बेअसर साबित हुई। ऐसे में सरकार चौथी लहर की आहट के बीच बूस्टर डोज लगवाने पर जोर दे रही है।
देश में कोरोना का हाल
बीते 24 घंटों में कोरोना के 3303 मामले सामने आए हैं और 39 मरीजों की मौत हुई है। हालांकि, इस दौरान 2,563 लोग डिस्चार्ज भी हुए। देश में सक्रिय मरीजों की संख्या भी बढ़कर 16,980 हो गई जो कि आने वाले समय के लिए खतरे की घंटी है। महामारी की शुरुआत से लेकर अब तक कुल 5,23,693 लोगों की मौत हुई है।
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