
Crime News: गुजरात के जामनगर में एक पत्नी ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर खौफनाक साजिश रची और अपने ही पति की जान ले ली। इस हत्या को छिपाने के लिए महिला ने पूरे 2 साल तक ससुराल वालों को गुमराह करके रखा और लगातार यह झूठ बोलती रही कि उसका पति काम के सिलसिले में ऑस्ट्रेलिया गया है और वही बसने की तैयारी कर रहा है। लेकिन आखिरकार दो साल बाद इस खौफनाक साजिश से पर्दा उठ ही गया।
पुलिस की जांच में जो बात सामने आई है, वह किसी फिल्मी कहानी से कम नहीं है। मरने वाले शख्स का नाम जिग्नेश था। उसकी पत्नी पृथ्वी का निलेश नाम के एक युवक के साथ अफेयर चल रहा था। दोनों जिग्नेश को अपने रास्ते से हटाना चाहते थे। इसके लिए उन्होंने मई 2024 में एक खौफनाक साजिश रची। आरोपियों ने जिग्नेश को शराब में साइनाइड नाम का खतरनाक जहर मिलाकर पिला दिया, जिससे उसकी तुरंत मौत हो गई।
हत्या करने के बाद दोनों आरोपियों के सामने सबसे बड़ी चुनौती लाश को ठिकाने लगाने की थी। जिग्नेश और निलेश ने मिलकर पहले एक फैक्ट्री किराए पर ली हुई थी। पृथ्वी और उसके प्रेमी ने इसी खाली फैक्ट्री को चुना। उन्होंने फैक्ट्री के अंदर ही 12 फीट गहरा गड्ढा खोदा और जिग्नेश की लाश को वहां दफना दिया ताकि किसी को भी कुछ पता चल ना सके।
पति को ठिकाने लगाने के बाद पृथ्वी ने ससुराल वालों को झूठी कहानियां सुनाना शुरू कर दिया। जब भी परिवार वाले जिग्नेश के बारे में पूछते तो वह कहती कि वह नौकरी के लिए ऑस्ट्रेलिया चले गए हैं। जब घरवालों ने जिग्नेश का फोन नंबर मांगा, तो शातिर पत्नी बहाना बना देती कि ऑस्ट्रेलिया में वह जिस कंपनी में काम करते हैं, वहां फोन रखने या बात करने की इजाजत नहीं है। इतना ही नहीं, उसने यह झांसा भी दिया कि जैसे ही जिग्नेश को वहां की पीआर यानी परमानेंट रेजिडेंसी मिल जाएगी, वह भारत लौट आएंगे।
इस पूरे मामले का खुलासा तब हुआ जब परिवार के ही एक चचेरे भाई ने खुद ऑस्ट्रेलिया जाने का प्लान बनाया। उसने पृथ्वी से कहा कि वह जिग्नेश का पता और फोन नंबर दे ताकि वह वहां जाकर उससे मिल सके। जब पृथ्वी बार-बार बहाने बनाने लगी, तो परिवार का शक बढ़ गया। इसके बाद पीड़ित के भाई अशोक मावदिया ने 26 जुलाई को पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने जब पृथ्वी को पकड़कर सख्ती से पूछताछ की, तो उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
पुलिस अधिकारी (ASP) प्रतिभा ने बताया कि दोनों आरोपियों ने दो दिनों की पूछताछ के बाद अपना जुर्म कबूल कर लिया है। पुलिस ने सरकारी अधिकारियों और फॉरेंसिक एक्सपर्ट्स की टीम के साथ उस खाली फैक्ट्री में खुदाई का काम शुरू करवा दिया है, जहां लाश को दफनाया गया था।