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JPSC-JSSC Protest: बेनतीजा रही दूसरे दौर की वार्ता, निगरानी के लिए धरना स्थल पर लगे CCTV कैमरे

JPSC-JSSC Protest Ranchi: JPSC और JSSC परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों को लेकर रांची में चल रहे छात्र आंदोलन के बीच, प्रशासन ने विरोध स्थल पर CCTV कैमरे लगवाए। सरकार और विभिन्न छात्र संगठनों के बीच बातचीत का दूसरा दौर हुआ, लेकिन छात्र 14वीं JPSC परीक्षा रद्द करने की अपनी मांग पर अड़े रहे।
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Updated: 8 Aug 2026, 5:17 PM IST
Jharkhand student protest
जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में लगा CCTV (फोटो- ANI)

JPSC-JSSC Protest: झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) द्वारा आयोजित भर्ती परीक्षाओं में कथित धांधली, अनियमितताओं और पेपर लीक के खिलाफ उम्मीदवारों का विरोध प्रदर्शन शनिवार को 15वें दिन में प्रवेश कर गया। प्रदर्शनकारी छात्र राजधानी रांची के ऐतिहासिक जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में डेरा डाले हुए हैं। घंटों की चर्चा के बावजूद, राज्य सरकार के साथ बातचीत का दूसरा दौर बेनतीजा रहा। इस बीच, विरोध स्थल पर बढ़ती भीड़ को देखते हुए रांची जिला प्रशासन ने निगरानी के लिए स्टेडियम के मुख्य प्रवेश द्वारों और पार्किंग क्षेत्रों में सीसीटीवी कैमरे लगाए हैं।

जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में CCTV कैमरे लगाए गए

रांची के अलावा हजारीबाग, रामगढ़, पलामू, गढ़वा और देवघर से हजारों छात्र विरोध प्रदर्शन में शामिल होने के लिए जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम पहुंच रहे हैं। आंदोलन के 15वें दिन जिला प्रशासन की टेक्निकल टीम ने सुरक्षा और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए स्टेडियम के एंट्री और एग्जिट पॉइंट पर CCTV कैमरे लगाए हैं। इन कैमरों का मकसद मुख्य गेट और विरोध स्थल के बाहर सभी गतिविधियों, लोगों और गाड़ियों पर नजर रखना है।

बातचीत के दौरान JCM और NSUI ने अलग-अलग मांगें रखीं

शनिवार को राज्य सरकार की पांच सदस्यीय मंत्री-समिति और विभिन्न छात्र संगठनों के प्रतिनिधियों के बीच बातचीत का दूसरा दौर हुआ। ये चर्चाएं दो अलग-अलग सत्रों में हुईं। पहले सत्र में छात्रों का एक प्रतिनिधिमंडल शामिल था। मंत्रियों ने देवेंद्र नाथ महतो के नेतृत्व में उम्मीदवारों के 7-8 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल के साथ लगभग दो घंटे तक विस्तृत चर्चा की।

दूसरे सत्र में छात्र संगठनों के साथ बातचीत हुई। सरकार ने छात्र समूहों के प्रतिनिधियों से मुलाकात की, जिनमें सत्ताधारी पार्टी समर्थित झारखंड छात्र मोर्चा (JCM), NSUI और ACS शामिल थे। बैठक के दौरान, JMM समर्थित JCM ने पांच मुख्य मांगें रखीं, जिनमें 14वीं JPSC सिविल सेवा परीक्षा को तुरंत रद्द करना शामिल था। वहीं, NSUI ने छह सूत्रीय ज्ञापन सौंपा, जिसमें उन सभी JPSC और JSSC परीक्षाओं की CID या उच्च-स्तरीय जांच का प्रस्ताव दिया गया, साथ ही NTA की तर्ज पर एक पारदर्शी 'झारखंड टेस्टिंग एजेंसी' (JTA) बनाने की मांग की गई।

मंत्री ने कहा- छात्रों की मांग जायज

बातचीत के दूसरे दौर के बाद राज्य कैबिनेट मंत्री संजय प्रसाद यादव ने मीडिया के सामने माना कि भर्ती प्रक्रिया को लेकर उम्मीदवारों की मांगें और चिंताएं जायज हैं। उन्होंने कहा कि मंत्रियों की टीम छात्र प्रतिनिधियों के साथ चर्चा किए गए सभी बिंदुओं और प्रस्तावों से मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को अवगत कराएगी। मंत्रियों दीपिका पांडे सिंह और सुदिव्य कुमार ने कहा कि चर्चा बहुत सौहार्दपूर्ण माहौल में हुई। उन्होंने कहा कि छात्रों से सुधार के लिए सुझाव मांगे जा रहे हैं। इसके लिए सरकार ने एक आधिकारिक ईमेल आईडी jpsc.jssc.feedback@gmail.com जारी की है, जिस पर छात्र और नागरिक सीधे अपने सुझाव भेज सकते हैं।

Updated on:
8 Aug 2026, 5:17 PM IST
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