
Chennai Protest: डीएमके की उप महासचिव और सांसद कनिमोझी करुणानिधि ने महिलाओं की सुरक्षा को लेकर मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय पर निशाना साधते हुए कहा कि यदि सरकार महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित नहीं कर सकती तो राज्य की हर महिला को पेपर स्प्रे उपलब्ध कराया जाए। चेन्नई में शनिवार को डीएमके महिला मोर्चा की ओर से महिलाओं और बच्चों के खिलाफ बढ़ते अपराध, महंगाई तथा अन्य मुद्दों को लेकर विरोध प्रदर्शन आयोजित किया गया। इसी को संबोधित करते हुए कनिमोझी ने सरकार पर तीखे हमले किए।
प्रदर्शन के दौरान डीएमके महिला मोर्चा की कार्यकर्ताओं ने महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा के साथ-साथ महंगाई को लेकर भी सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। वक्ताओं ने कहा कि बढ़ती कीमतों से आम परिवारों का बजट बिगड़ गया है और सरकार इस मोर्चे पर भी विफल साबित हो रही है।
चेन्नई में महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अपराध, महंगाई तथा अन्य मुद्दों को लेकर डीएमके महिला मोर्चा की ओर से शनिवार को आयोजित विरोध प्रदर्शन को संबोधित करते हुए कनिमोझी ने कहा कि मुख्यमंत्री विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के तहत लोगों को कई वस्तुएं दे रहे हैं, लेकिन महिलाओं की सुरक्षा के लिए उन्हें पेपर स्प्रे वितरित करना चाहिए। उन्होंने सुझाव दिया कि इसे राशन दुकानों के माध्यम से भी बांटा जा सकता है ताकि महिलाएं अपनी सुरक्षा स्वयं कर सकें। उनका कहना था कि जब पुलिस सुरक्षा देने में सक्षम नहीं दिख रही, तब महिलाओं को खुद अपनी रक्षा के साधन मिलने चाहिए।
कनिमोझी ने आरोप लगाया कि सत्तारूढ़ तमिलगा वेट्री कझगम (टीवीके) के कई पदाधिकारियों पर महिलाओं के खिलाफ यौन उत्पीड़न और हमले जैसे मामलों के आरोप लगे हैं। उन्होंने विभिन्न जिलों में सामने आए मामलों का उल्लेख करते हुए पूछा कि आरोपित पार्टी पदाधिकारियों के खिलाफ क्या कार्रवाई की गई है।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कुछ पदाधिकारी मादक पदार्थों से जुड़े मामलों में भी फंसे हुए हैं। कनिमोझी ने कहा कि विधानसभा चुनाव से पहले महिलाओं की सुरक्षा और नशामुक्त तमिलनाडु का वादा करने वाली सरकार अब बढ़ते अपराधों पर जवाब दे। साथ ही उन्होंने पुलिस पर विपक्षी नेताओं और डीएमके कार्यकर्ताओं की निगरानी में अधिक ध्यान देने का आरोप लगाया।
कनिमोझी ने पुलिस की भूमिका पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस का ध्यान अपराधों पर अंकुश लगाने से ज्यादा विपक्षी नेताओं और डीएमके कार्यकर्ताओं की निगरानी पर है। उन्होंने कहा कि यदि पुलिस अपनी ऊर्जा अपराधियों को पकड़ने में लगाए, तो महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अपराधों में कमी लाई जा सकती है।