CM Siddaramaiah Statement: सिद्धारमैया ने कहा कि जब तक उनमें सांस है, वह सामाजिक न्याय के लिए लड़ते रहेंगे। उनका चार दशक लंबा राजनीतिक जीवन फूलों की सेज नहीं, पत्थरों और कांटों से भरी राह रहा है।
Karnataka Politics: नेतृत्व के मुद्दे पर सत्ताधारी दल कांग्रेस में मचे अंदरूनी घमासान के बीच मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने अपने राजनीतिक सफर को कांटों भरी राह बताया और अपने खिलाफ सियासी साजिश किए जाने का दावा किया। सोशल मीडिया पोस्ट में मुख्यमंत्री ने अपने राजनीतिक सफर को याद करते हुए कहा कि उन्हें राजनीतिक रूप से खत्म करने के लिए कई साजिशें रची गईं, लेकिन वे सभी पर विजय हासिल करने में सफल रहे। ये साजिशें केवल उनके खिलाफ नहीं, बल्कि जनता के खिलाफ हैं।
सिद्धारमैया ने कहा कि जब तक उनमें सांस है, वह सामाजिक न्याय के लिए लड़ते रहेंगे। उनका चार दशक लंबा राजनीतिक जीवन फूलों की सेज नहीं, पत्थरों और कांटों से भरी राह रहा है। कई बड़े नेताओं ने उन्हें राजनीतिक रूप से खत्म करने के लिए अनेक साजिशें कीं, लेकिन जनता के आशीर्वाद से उन सभी पर विजय प्राप्त किए। यह सत्य, न्याय और धर्म की लड़ाई है। वे मैदान छोड़कर भागने वाला कायर नहीं हैं।
उधर, उपमुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार के समर्थक विधायक एच.सी. बालकृष्ण ने मुख्यमंत्री के दावे को खारिज कर दिया। बालकृष्ण ने कहा कि पार्टी में किसी को भी मुख्यमंत्री से ईर्ष्या करने की आवश्यकता नहीं है। कांग्रेस पार्टी ने सिद्धारमैया को हर संभव बड़ा अवसर प्रदान किया है। बालकृष्ण ने कहा कि जब एच.डी. देवगौड़ा ने सिद्धारमैया को अपनी पार्टी जनता दल-एस से निकाल दिया था, तब कांग्रेस के सभी वरिष्ठ नेताओं ने उन्हें स्वीकार किया और कांग्रेस में शामिल किया।