
E20 Petrol Controversy: आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने आरोप लगाया है कि केंद्र सरकार पुरानी और E20 के अनुकूल नहीं होने वाली गाड़ियों में भी जबरन E20 (20% इथेनॉल मिश्रित) पेट्रोल के इस्तेमाल को बढ़ावा दे रही है। उनका दावा है कि इससे करोड़ों वाहन मालिकों की गाड़ियों के इंजन और माइलेज पर नकारात्मक असर पड़ रहा है।
केजरीवाल ने कहा, 'आज आप E20 के अनुकूल गाड़ी खरीदेंगे, तो कल आप पर E40, E50 या E60 पेट्रोल इस्तेमाल करने का दबाव बनाया जाएगा।' उन्होंने लोगों से अपील की कि जब तक सरकार इथेनॉल मिश्रण को लेकर अपनी भविष्य की नीति स्पष्ट नहीं करती, तब तक नई पेट्रोल या डीजल गाड़ियां खरीदने से बचें।
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पुरानी गाड़ियां, जिन्हें E0 या E10 ईंधन के अनुरूप बनाया गया है, वे E20 पेट्रोल के अनुकूल नहीं हैं। ऐसे वाहनों में E20 ईंधन के इस्तेमाल से इंजन और अन्य कलपुर्जों को नुकसान पहुंच सकता है। उनका आरोप है कि बाजार में इन्हीं वाहनों के लिए भी E20 पेट्रोल उपलब्ध कराया जा रहा है, जबकि सरकार इससे होने वाले नुकसान की जिम्मेदारी लेने से बच रही है। केजरीवाल ने लोगों से पेट्रोल या डीजल गाड़ियां खरीदने से बचने की अपील भी की है।
केजरीवाल ने दावा किया कि सरकार भविष्य में पेट्रोल में इथेनॉल की मात्रा बढ़ाकर E50 तक ले जाने और डीजल तथा विमान ईंधन (ATF) में भी इथेनॉल मिश्रण लागू करने की योजना बना रही है। उनका कहना है कि यदि ऐसा हुआ तो वाहन मालिकों की समस्याएं और बढ़ सकती हैं।
उन्होंने सरकार से मांग की कि पेट्रोल पंपों पर सादा (शुद्ध) पेट्रोल और E20 पेट्रोल दोनों का विकल्प उपलब्ध कराया जाए। साथ ही इथेनॉल-मिश्रित पेट्रोल की कीमत सामान्य पेट्रोल से कम रखी जाए, ताकि उपभोक्ताओं को राहत मिल सके।
केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने E20 कार्यक्रम का बचाव करते हुए कहा कि इसका उद्देश्य कच्चे तेल के आयात पर निर्भरता कम करना, पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना और किसानों की आय बढ़ाना है।
सरकार का कहना है कि E20 से अधिक इथेनॉल मिश्रण (जैसे E40, E50 या E60) लागू करने को लेकर फिलहाल कोई आधिकारिक निर्णय नहीं लिया गया है। भविष्य में यदि इस संबंध में कोई कदम उठाया जाता है, तो वह व्यापक परीक्षण और सभी संबंधित पक्षों से विचार-विमर्श के बाद ही लिया जाएगा। भाजपा आईटी सेल के प्रमुख अमित मालवीय ने भी केजरीवाल के आरोपों को खारिज करते हुए इन्हें भ्रामक और डर फैलाने वाली राजनीति बताया है।